ताड़ीखेत विकासखंड के सुदूरवर्ती रीची-भुजान मोटर मार्ग बदहाल है। डामरीकरण के अभाव में यह मार्ग जगह-जगह क्षतिग्रस्त है। किसी भी समय मार्ग पर दुर्घटना की आशंका बनी रहती है। इस मोटर मार्ग से क्षेत्र के दर्जनभर गांवों के सब्जी और फल उत्पादक जुड़े हुए हैं। ग्रामीणों ने तत्काल मोटर मार्ग की हालत सुधारने की मांग उठाई है।
रीची-भुजान मोटर मार्ग से टूनाकोट, तिपाला, तिपोला सेरा, बगवान, विशालकोट, मंडलकोट, नावली, मनारी, लछीना, गुमटा, जैना सहित तमाम गांव जुड़े हुए हैं। इन गांवों में फल सब्जियों का उत्पादन प्रचुर मात्रा में होता है। लेकिन 32 किमी लंबा यह मोटर मार्ग वर्षों से बदहाल पड़ा है।
डामरीकरण नहीं होने के कारण जगह-जगह मोटर मार्ग के परखचे उड़ चुके हैं। ताड़ीखेत के पूर्व ब्लॉक प्रमुख धन सिंह रावत ने बताया कि मोटर मार्ग में डामरीकरण के लिए उन्होंने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा है। जिसमें कहा है कि मोटर मार्ग ग्रामीणों के लिए महत्वपूर्ण है।
इसकी दशा हर हाल में सुधारनी होगी, इससे क्षेत्र के सैकड़ों काश्तकार जुड़े हुए हैं। इसके अलावा भुजान से रींची तक नियमित रूप से रसोई गैस का वाहन लगवाने की मांग भी उठाई है।
रावत ने बताया कि डीएम ने इस संबंध में सार्थक कार्रवाई करने को कहा है। ज्ञापन में भाजपा मंडल अध्यक्ष ध्यान सिंह नेगी, ललित पांडे, रंजीत बिष्ट, प्रधान हेमा नेगी आदि के हस्ताक्षर भी मौजूद थे।