अल्मोड़ा। जिले की अंधेरी गलियां और चौराहे हाईमास्ट एलईडी सोलर स्ट्रीट लाइट की दूधिया रोशनी से जगमगाने लगे। उरेडा ने राज्य योजना के तहत नगर और ग्रामीण क्षेत्रों में 90 लाख रुपये से 72 स्ट्रीट लाइट स्थापित की। इससे लोगों को अंधेरे रास्तों की मुक्ति मिली। जंगली जानवरों के आबादी में पहुंचने पर भी रोक लगी है।
अल्मोड़ा में अधिकतर गांवों में स्ट्रीट लाइट की व्यवस्था नहीं होने से यहां की गलियां और रास्तों में अंधेरा छा जाता है। अंधेरे में आवाजाही के दौरान लोगों को जंगली जानवरों के हमले का खतरा बना रहता है। उरेडा ने हवालबाग, जागेश्वर, रानीखेत, सल्ट, लमगड़ा, जैंती क्षेत्र में 72 हाईमास्ट सोलर स्ट्रीट लाइट स्थापित की। इस लाइट की खास बात यह है कि इसके पैनल में चार एलईटी लाइट लगी है जो एक साथ चारों दिशों में रोशनी देते हैं। सामान्य सोलर स्ट्रीट लाइट केवल एक ही दिशा में रोशनी देते हैं।
एक लाख रुपये से अधिक कीमत
अल्मोड़ा। एक हाईमास्ट एलईडी सोलर स्ट्रीट लाइट की कीमत एक लाख 25 हजार है। सामान्य लाइट की कीमत करीब 20 हजार रुपये है। हाईमास्ट लाइट सामान्य लाइट से अधिक दूरी तक रोशनी देती है। इन लाइट की पांच साल की वारंटी होगी।
- जिले में राज्य योजना के तहत 72 हाईमास्ट एलईडी सोलर स्ट्रीट लाइट स्थापित की गई है। गलियों, रास्तों में रोशनी की पर्याप्त व्यवस्था होने से क्षेत्र के हजारों लोगों को राहत पहुंचेगी।
मनोज कुमार बजेठा, परियोजना अधिकारी, उरेडा, अल्मोड़ा।