रोडवेज के अधिकारियों के तुगलकी फरमानों का खमियाजा आम जनता को भुगतना पड़ रहा है। विभाग ने पिछले चार सालों से मुनाफे पर चल रही गैरसैंण से वाया पंडुवाखाल-दिल्ली जाने वाली बस का रूट बदलकर अब गैरसैंण से वाया माईथान कर दिया है जिससे लोग भड़क गए हैं।
2013 से गैरसैंण से वाया पंडुवाखाल, रामपुर दिल्ली जाने वाली बस मुनाफे की दृष्टि से रोडवेज के लिए अव्वल साबित तो हो ही रही थी साथ ही इससे गढ़वाल के अलावा चौखुटिया ब्लॉक के पंडुवाखाल, सिमलखेत, रामपुर, टटलगांव, बिजरानी, रिवाड़ी, सुनगड़ी, जमणियां, भनोटिया सहित कई गावों के लोग लाभान्वित हो रहे थे।
इस बीच बस का संचालन बदलकर गैरसैंण से वाया बच्छावान, माईथान दिल्ली कर दिया गया है।
जिससे संबंधित क्षेत्रों के लोग भड़क गए हैं। लोगों का कहना है कि क्षेत्र की जनता के बड़े प्रयासों से इस रूट पर बस चलने से लोगों के लिए दिल्ली और अन्य क्षेत्रों को जाने में आसानी हो रही थी, परंतु बस का रूट बदलने से आवागमन में कई तरह की दिक्कतें पैदा हो गई हैं।
बस का रूट बदलने पर रोष व्यक्त करने वालों में भुवन जोशी, सुरेंद्र संगेला, भोला दत्त जोशी, मदन नेगी, रामसिंह नेगी, नरेंद्र नेगी, पूरन संगेला, बागसिंह परसारा, किरन नेगी, बलवंत सिंह, बिपिन चंद्र, दरबान सिंह, दिनेश आर्या, सुरेश आर्या, पानसिंह, शोबन सिंह, नंदन सिंह आदि कई लोग शामिल हैं। लोगों का कहना है कि यदि बस को पूर्व निर्धारित रूट से संचालित नही किया गया तो आंदोलन किया जाएगा।
देहरादून बस का भी बदला रूट
चौखुटिया (अल्मोड़ा)। विभाग ने आग में घी डालने का काम कर दिया है। दिल्ली वाली बस का रूट बदलने से गुस्साए लोगों के लिए एक और बुरी खबर है। विभाग ने द्वाराहाट से देहरादून जाने वाली बस का भी रूट बदल दिया है। बस को वाया पंडुवाखाल-रामपुर के बजाए बच्छावान, माईथान वाले उसी रूट से संचालित कर दिया है जिस रूट से दिल्ली वाली बस को किया गया है।
मुख्यालय से मिले निर्देशों के परिपालन में दोनों बसों का रूट बदला गया है।
इसमें स्थानीय स्तर से कोई फैसला नहीं लिया गया है।
नेत्र राम, सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक परिवहन निगम रानीखेत