भाजपा सरकार के खिलाफ आक्रोश जताते हुए पूर्व विधानसभा अध्यक्ष गोविंद सिंह कुंजवाल, विधायक मनोज त
अल्मोड़ा। पांच माह की भारत जोड़ो पदयात्रा में राहुल गांधी को अपार जनसमर्थन मिला। उन्होंने सदन में प्रधानमंत्री मोदी और अदाणी के रिश्ते को लेकर सवाल पूछा और जनता के 20 हजार करोड़ रुपये का हिसाब मांगा। इन सभी बातों से बौखलाई मोदी सरकार ने राहुल गांधी की सदस्यता समाप्त कर लोकतंत्र पर हमला बोला है। यह बात कही पूर्व विधानसभा अध्यक्ष गोविंद सिंह कुंजवाल ने कही।
नगर के एक होटल में पत्रकार वार्ता करते हुए कुंजवाल ने कहा कि राहुल गांधी ने भाजपा सरकारी की जनविरोधी नीतियों को लोगों तक पहुंचाने के लिए चार हजार किमी की पदयात्रा की। जिसमें जनता का उन्हें अपार समर्थन मिला। सदन में उन्होंने अदाणी की कंपनी में लगे जनता के 20 हजार करोड़ का हिसाब मांगते हुए प्रधानमंत्री मोदी के साथ उनके रिश्ते का खुलासा किया। इसी बौखलाहट में उनकी और जनता की आवाज दबाने के लिए मोदी सरकार ने उनकी लोकसभा सदस्यता समाप्त कर दी। ऐसा कर मोदी सरकार ने लोकतंत्र पर प्रहार किया है। भाजपा सरकार की राहुल गांधी को चुनाव से दूर करने की सोची-समझी चाल है, जिसे जनता भी बखूबी समझती है। कहा कि स्पीकर ने भी मोदी सरकार के दबाव में आकर यह निर्णय सुनाया है। विधायक मनोज तिवारी ने कहा कि राहुल गांधी की सदस्यता समाप्त करना लोकतंत्र के लिए गंभीर खतरा है। कांग्रेस जिलाध्यक्ष भूपेंद्र भोज ने बताया कि मोदी सरकार की इस दमनकारी नीति के खिलाफ कांग्रेस सभी तहसीलों में धरना-प्रदर्शन और सत्याग्रह करेगी। जिसका कार्यक्रम तय किया गया है। इस मौके पर नगर अध्यक्ष तारा चंद्र जोशी शामिल रहे।