एतिहासिक स्याल्दे विखोती मेला स्थल और हितचिंतक भवन परिसर से अवैध अतिक्रमण हटाने की मांग को लेकर हितचिंतक बचाओ संघर्ष समिति आंदोलन पर डटी है। आंदोलन स्थल पर हुई सभा में तय हुआ कि 27 से बाजार को बाजार बंद करेंगे और उसी दिन से क्रमिक अनशन शुरू कर दिया जाएगा। 28 को चक्काजाम और 29 जनवरी को तहसील में तालाबंदी करेंगे।
बुधवार को पूर्व विधायक पुष्पेश त्रिपाठी ने भी आंदोलन को समर्थन जताया। सभा में वक्ताओं ने कहा कि प्रशासन की नाक के नीचे धड़ल्ले से अतिक्रमण होता रहा और अधिकारी खामोश बैठे देखते रहे। अब इस खामोशी को बर्दाश्त नहीं किया गया। जब तक अतिक्रमण नहीं हटाया जाएगा तब तक आंदोलन जारी रहेगा। इसी क्रम में तय हुआ कि 27 से क्रमिक अनशन शुरू किया जाएगा। उस दिन बाजार बंद रहेगा। 28 को चक्काजाम, 29 को तहसील में तालाबंदी करने की चेतावनी दी गई। आंदोलनकारियों ने तमाम लोगों के विचारों से संबंधित 500 पोस्टकार्ड जिलाधिकारी को भेजे।
इस अवसर पर स्याल्दे विखोती मेले में शिरकत करने वाले ऑल, नौज्यूला और गरख पार्टी के प्रतिनिधियों, पधानों तथा थोकदारों से भी वार्ता होगी। धरने पर पूर्व विधायक पुष्पेश त्रिपाठी, नगर पंचायत अध्यक्ष विमला शाह, विनोद जोशी, अनिल चौधरी, ओपी हरबोला, नरेंद्र अधिकारी, वीरेंद्र मठपाल, भूपेंद्र कांडपाल, हीरा सिंह रौतेला, देवकी नंदन तिवारी, रतन सिंह, लक्षमण किरौला, एमसी तिवारी, डा. तारा लाल, नंदा बल्लभ मठपाल, एचआर आर्या आदि बैठे। पूर्व विधायक पुष्पेश त्रिपाठी ने कहा कि अवैध अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। जनता की भावनाओं को शासन तक पहुंचाया जाएगा।