अल्मोड़ा। जिले के हजारों वाहन स्वामियों और चालकों को बड़ी राहत देते हुए परिवहन विभाग ने वाहनों की मैनुअल फिटनेस प्रक्रिया और प्रमाणपत्र जारी करने की सुविधा को दोबारा बहाल कर दिया है। केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय से हरी झंडी मिलने के बाद अब स्थानीय स्तर पर ही वाहनों की जांच हो सकेगी जिससे चालकों को फिटनेस सर्टिफिकेट के लिए हल्द्वानी या अन्य शहरों के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे। विभाग की ओर से ऑटोमेटेड टेस्टिंग स्टेशन (एटीएस) के निर्माण होने तक यह अस्थायी व्यवस्था आगामी 30 जून 2027 तक प्रभावी रहेगी।
दरअसल अल्मोड़ा में एटीएस न होने के कारण 13 जुलाई 2026 को वाहनों की मैनुअल फिटनेस जांच बंद कर दी गई थी। इस कारण वाहन चालकों को वाहनों के फिटनेस प्रमाणपत्र बनाने के लिए हल्द्वानी समेत अन्य शहरों का रुख करना पड़ता था। इससे जहां उनका समय बर्बाद होता था वहीं उनको आर्थिक चपत भी लगती थी। कई बार वहां भी तकनीकी खामी के चलते काम नहीं हो पाता था। ऐसे में वाहन स्वामियों को उस दिन वहीं ठहरना पड़ता था। ऐसे में उनके अतिरिक्त पैसे खर्च हो जाते थे। अब केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय ने प्रदेश सरकार को इस सुविधा को बहाल करने की अनुमति दे दी है जो 30 जून 2027 तक प्रभावी रहेगी। परिवहन विभाग ने एटीएस के निर्माण के लिए डीपीआर तैयार कर शासन को भेज दी है।
बोल वाहन स्वामी
पर्वतीय जिलों में ऑटोमेटेड टेस्टिंग स्टेशन की व्यवस्था नहीं होने से वाहनों की फिटनेस जांच के लिए दूसरे जिलों की दौड़ लगानी पड़ रही थी। इससे समय और धन दोनों की बर्बादी हो रही थी। मैनुअल फिटनेस व्यवस्था दोबारा शुरू होने से स्थानीय वाहन चालकों को बड़ी राहत मिलेगी।
मोहन सिंह, वाहन चालक अल्मोड़ा
दूसरे शहरों में आने जाने और वहां ठहरने पर काफी पैसा खर्च हो जाता था। अब अपने ही शहर में मैनुअल फिटनेस व्यवस्था दोबारा शुरू होने से राहत तो मिलेगी साथ ही आने जाने में खर्च होने वाली धनराशि की भी बचत होगी।
सुरेंद्र सिंह, वाहन चालक अल्मोड़ा
मामले को लेकर संगठन परिवहन मंत्री से मिला था। फिटनेस जांच की मैनुअल व्यवस्था बंद होने के बाद पर्वतीय क्षेत्रों के वाहन स्वामियों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा था। कई बार फिटनेस के लिए वाहन दूर-दराज के जिलों में ले जाने पड़ रहे थे जिससे आर्थिक नुकसान हो रहा था। सरकार का यह निर्णय स्वागत योग्य है। हालांकि पर्वतीय जिलों में स्थायी ऑटोमेटेड टेस्टिंग स्टेशन स्थापित करने की दिशा में भी जल्द ठोस कदम उठाया जाना चाहिए।
शंकर ठाकुर, महासंघ अध्यक्ष कुमाऊं टैक्सी यूनियन
वाहनों की फिटनेस परीक्षण की सुविधा फिर से बहाल की गई है। अल्मोड़ा में एटीएस के निर्माण के लिए डीपीआर तैयार कर भेजी गई है। जल्द ही एटीएस का निर्माण कर लिया जाएगा।
नंदकिशोर, आरटीओ प्रशासन अल्मोड़ा