तेंदुए ने बृहस्पतिवार रात नगर में घनी आबादी वाले नियाजगंज मोहल्ले में स्थित गोठ में बंधी चार बकरियों को मार डाला। आबादी क्षेत्र में तेंदुआ घुस आने से लोगों में दहशत है। उन्होंने वन विभाग से तेंदुए के आतंक से निजात दिलाने की मांग की है। इधर प्रभावित व्यक्ति ने पुलिस, पालिका, पशुपालन और वन विभाग के अधिकारियों को सूचना देकर मुआवजा दिलाने की मांग की है।
नियाजगंज निवासी तनवीर कुरैशी बकरियां खरीदने और बेचने का व्यवसाय करता है। घर के निचले तल में उसकी बकरियां बंधी रहती हैं। बहस्पतिवार रात गोठ में चार बकरियां बंधी थीं। रात में वहां तेंदुआ घुस आया। शुक्रवार तड़के आसपास कुत्तों के भौंकने की आवाज सुनकर बकरी स्वामी तनवरी कुरैशी ऊपर की मंजिल से बाहर निकलकर आया। संदेह होने पर उसने गोठ में जाकर देखा।
कमरे के दरवाजे पर ताला लगा था, लेकिन लकड़ी का दरवाजा नीचे से टूटा था। उसने ताला खोल कर अंदर देखा तो वहां चारों बकरियां क्षत-विक्षत हालत में थीं। तेंदुए ने इसमें से एक बकरी का काफी मांस खाया था। अन्य बकरियों की गर्दनों में दांत गड़ाने के निशान थे और खून से सनी थी। तनवीर ने वन विभाग, पुलिस, पशुपालन और पालिका के अधिकारियों को सूचना देकर मुआवजा दिलाने की मांग की है।
इधर बीच मोहल्ले में तेंदुए द्वारा चार बकरियों को मार डालने की घटना से लोगों में डर बना है। उन्होंने वन विभाग के अधिकारियों से लोगों को दहशत से निजात दिलाने को ठोस उपाय करने की मांग की है। इधर वन विभाग के रेंज अधिकारी मोहन राम ने बताया कि वन कर्मियों को मौके पर जांच के लिए भेजा गया है। रिपोर्ट आने के बाद नियमानुसार मुआवजा दिया जाएगा।