तहसील प्रशासन ने बैंक लोन की वसूली को लेकर अभियान तेज कर दिया है। बृहस्पतिवार प्रशासन ने एक बकाएदार की तीन दुकानें और दूसरे के गारंटर के घर की कुर्की कर दी। अभियान से बकाएदारों में खलबली मची रही।
एसडीएम फिंचा राम चौहान ने बताया कि कठायतबाड़ा निवासी मोहन सिंह ने उत्तराखंड ग्रामीण बैंक की स्थानीय शाखा से 13 लाख रुपए का लोन लिया था। लाभार्थी ने बैंक का पैसा नहीं लौटाया। बैंक लोन अदा न करने पर उसके तीन कमरों वाले दुकानों की सीज कर दी है। उन्होंने बताया कि इसी बैंक से त्रिलोक सिंह ने 10 लाख रुपए का लोन लिया था। लाभार्थी ने लिया गया लोन जमा नहीं किया। वह इलाके में भी नहीं है। इस मामले में उसके गारंटर मंडलसेरा निवासी प्रताप राम के घर की कुर्की कर कर दी गई है। एसडीएम ने बताया कि बैंक ने बकाएदारों को कई बार लोन जमा करने को कहा लेकिन उन पर कुछ भी असर नहीं पड़ा। बैंक ने तहसील में वसूली में सहयोग के लिए पत्र दिया था। तहसील से बकाएदारों की आरसी कटी, इसका भी उन पर असर नहीं पड़ा। लोन जमा न होने पर संपत्तियाें की कुर्की की गई। अभियान में तहसीलदार पदम सिंह मेहरा, एसआई गोपाल राम, बैंक के प्रबंधक एनके जोशी आदि थे।