रानीखेत (अल्मोड़ा)। छात्रसंघ चुनाव में निर्दलीय प्रत्याशी के तौर पर अध्यक्ष पद पर जीत दर्ज करने वाले विनीत सिंह कुवार्बी के राजनीतिक रुख ने छात्र राजनीति में हलचल बढ़ा दी है।
बुधवार को दिनभर उनके एनएसयूआई में शामिल होने और फिर निर्दलीय रहने की चर्चाओं के बाद बृहस्पतिवार को उन्होंने प्रेसवार्ता कर एनएसयूआई में शामिल होने का एलान कर दिया।
दरअसल, बुधवार सुबह कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष करन माहरा और पालिकाध्यक्ष अरुण रावत के साथ विनीत की तस्वीर सामने आई थी। इसमें वह एनएसयूआई का पटका पहने नजर आए, जिसके बाद संगठन में शामिल होने की चर्चाएं तेज हो गईं।
हालांकि बाद में उन्होंने खुद को निर्दलीय बताते हुए किसी संगठन से जुड़ने की खबरों को भ्रामक बताया था।
गुरुवार को प्रेसवार्ता में उन्होंने अपना रुख स्पष्ट करते हुए कहा कि चुनाव जीतने के बाद एनएसयूआई टीम ने उन्हें संगठन से जुड़ने का प्रस्ताव दिया था, जिसे अब उन्होंने स्वीकार कर लिया है।
विनीत ने जीत दिलाने के लिए छात्रों का आभार जताते हुए कहा कि एनएसयूआई से जुड़कर छात्र हितों के लिए संघर्ष किया जाएगा। छात्र हितों के लिए विरोध करना पड़ा तो वह पीछे नहीं हटेंगे। वहां पालिकाध्यक्ष अरुण रावत, प्रेम सिंह कुवार्बी, कुलदीप कुमार, सुन्दर कुवार्बी आदि मौजूद थे।