कंटेनमेंट जोन की अव्यवस्थाओं को लेकर भिकियासैंण में हंगामा करते लोग।
- फोटो : ALMORA
भिकियासैंण (अल्मोड़ा)। नगर पंचायत के गांधी नगर माइक्रो कंटेनमेंट जोन में आ रही दिक्कतों और अल्मोड़ा भेजे गए पांच पॉजिटिव मरीजों के साथ ठीक व्यवहार न किए जाने से आक्रोशित माइक्रो कंटेनमेंट जोन के लोग मंगलवार रात सड़कों पर उतर आए। उन्होंने आरोप लगाया कि अल्मोड़ा भेजे गए पांच लोगों की निगेटिव रिपोर्ट आने के बाद उन्हें वापस गांव भेजने के लिए कोई वाहन आदि की व्यवस्था नहीं की गई। उन्होंने बेस अस्पताल में मरीजों को खाना और नाश्ता समय न देने का आरोप लगाया। इस मामले को लेकर कई घंटे हंगामा चलता रहा। जिसको देखते यहां भारी संख्या में पुलिस बुलानी पड़ी। देर रात एसडीएम से वार्ता के बाद मामला शांत हुआ।
नगर पंचायत के गांधी नगर वार्ड के मस्जिद मोहल्ले से एक सप्ताह पहले पांच कोरोना पॉजिटिव मरीज बेस अस्पताल अल्मोड़ा भेजे गए थे। रिपोर्ट निगेटिव आने के बाद मंगलवार की देर रात ये लोग भिकियासैंण पहुंच गए। वापस लौटने के बाद इन लोगों ने बताया कि प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने उन्हें घर भेजने के लिए कोई वाहन की व्यवस्था नहीं की। वह छह हजार रुपये किराया चुकाकर एक टैक्सी से यहां पहुंचे हैं। इनकी बातें सुनने के बाद कंटेनमेंट एरिया के लोग भड़क उठे। देर रात उन्होंने शिशु मंदिर के सामने स्थित बैरियर पर जमा होकर शासन प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी शुरू कर दी।
लोगों का कहना था कि सड़क पर बैरियर लगाने की बजाय मोहल्ले के रास्ते सील किए जाने चाहिए थे। सड़क बंद होने से सील एरिया में गैस और अन्य सामान की सप्लाई भी नहीं हो पा रही है, जिससे लोग काफी परेशान हैं। हंगामे की सूचना मिलते ही चौकी इंचार्ज देवेंद्र सामंत टीम के साथ मौके पर पहुंचे। कुछ देर बाद एसडीएम राहुल शाह तथा थानाध्यक्ष भतरौंजखान अनीस अहमद भी दल बल के साथ वहां पहुंच गए। भीड़ को शांत करने में उन्हें काफी मशक्कत करनी पड़ी। रात में करीब 12 बजे एसडीएम राहुल शाह से वार्ता के बाद लोग शांत हुए। एसडीएम ने कहा शासन की गाइडलाइन के तहत लोगों के लिए निश्चित समय में बारी-बारी से दो-दो दुकानें लिए खोली जा रही हैं।