अल्मोड़ा। अपर सत्र न्यायाधीश मनीष कुमार पांडे की अदालत ने हत्या के मामले में आरोपी हेमंत कुमार पुत्र चंद्र सिंह निवासी मल्ली नाली अल्मोड़ा, नीरज सिंह और बालम सिंह पुत्र खड़क सिंह निवासी खनियारी नैनीगूंठ का धारा 302 में जमानत प्रार्थना पत्र खारिज कर दिया है।
आरोपियों ने अपने अधिवक्ता के माध्यम से न्यायालय ने जमानत प्रार्थना पत्र प्रस्तुत किया था।
अभियोजन पक्ष की ओर से जिला शासकीय अधिवक्ता पूरन सिंह कैड़ा ने न्यायालय को बताया कि 15 जुलाई को तल्ली नाली निवासी कमल सिंह ने पटवारी न्योली को दी तहरीर में कहा था कि आरोपी हेमंत कुमार, नीरज सिंह और बालम सिंह ने उसके पिता पर राजेंद्र सिंह पर जानलेवा हमला किया। घायल राजेंद्र सिंह को इलाज के लिए पहले अल्मोड़ा और उसे बाद हल्द्वानी ले जाया गया।
शासकीय अधिवक्ता कैड़ा ने न्यायालय को बताया कि 19 जुलाई को गंभीर रूप से घायल राजेंद्र सिंह की उपचार के दौरान हल्द्वानी में मौत हो गई थी। शासकीय अधिवक्ता ने न्यायालय में आरोपियों को जमानत देने का विरोध करते हुए कहा यदि इन्हें जमानत मिली तो यह गवाहों को डरा धमकाकर साक्ष्यों के साथ छेड़छाड़ कर सकते हैं। गवाह आरोपियों के सगे रिश्तेदार हैं।
आरोपियों को जमानत देने का कोई औचित्य नहीं है। न्यायालय ने आरोपियों का जमानत प्रार्थना पत्र निरस्त कर दिया। अभियोजन की ओर से जिला शासकीय अधिवक्ता कैड़ा के अलावा सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता (फौजदारी) शेखर चंद्र नैनवाल ने प्रभावी पैरवी की।