अल्मोड़ा। नगर के लक्ष्मेश्वर बिजली घर में पांच एमवीए ट्रांसफार्मर की क्षमता बढ़ाकर उसके स्थान पर आठ एमवीए ट्रांसफार्मर स्थापित किया गया। इसके चलते ट्रांसफार्मर से जुड़े क्षेत्रों में छह घंटे बिजली गुल रही। इससे आधे नगर की 10 हजार से अधिक की आबादी को बिजली संकट का सामना करना पड़ा। घंटों बिजली आपूर्ति बाधित रहने से पर्यटन सीजन के बीच होटल और होमस्टे कारोबारियों को आर्थिक नुकसान झेलना पड़ा।
रविवार को यूपीसीएल ने लक्ष्मेश्वर बिजली घर में पांच एमवीए की जगह आठ एमवीए (8000 केवीए) का ट्रांसफार्मर लगाया। विभाग ने पांच एमवीए ट्रांसफार्मर में बढ़ते लोड को कम करने और नगर में बिजली संकट दूर करने के लिए इसे बदला। बिजली घर में दोपहर 12:30 मिनट पर ट्रांसफार्मर बदलने का कार्य शुरू हुआ। इसके चलते तिलकपुर, एडम्स, पातालदेवी, जाखनदेवी, पपरशैली, रानीधारा, पांडेखोला, डीराडुंगरी, ढुंगाधारा, पोखरखाली सहित आधे नगर में छह घंटे बिजली संकट बना रहा। बिजली नहीं होने से रेस्टोरेंट, होटल और होमस्टे कारोबारियों को भी खासा नुकसान झेलना पड़ा। देर शाम 6:30 बजे यूपीसीएल को आखिरकार ट्रांसफार्मर को लगाने में सफलता मिली। इसके बाद प्रभावित क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति बहाल हुई तो लोगों की जान में जान आई।
-
एडम्स क्षेत्र में बिजली लाइन पर गिरा पेड़
- रविवार की सुबह एडम्स क्षेत्र में बिजली की लाइन में पेड़ गिरने से छह घंटे बिजली व्यवस्था ठप रहीं। सुबह से एडम्स, ढुंगाधारा, पोखरखाली आदि क्षेत्रों में बिजली नहीं होने से लोगों को दिक्कतों से जूझना पड़ा। घंटों बिजली गुल रहने से लोगों को बिजली संचालित उपकरण महज शोपिस बने रहे। शिकायत मिलने पर 11 बजे यूपीसीएल कर्मियों नेे खराबी दूर को आपूर्ति शुरू की। लेकिन करीब एक घंटे बाद फिर से लक्ष्मेश्वर बिजली घर में ट्रांसफार्मर बदलने के कार्य के चलते फिर बिजली आपूर्ति बाधित रहीं। 6:30 कार्य पूरा हुआ तो लोगों को राहत पहुंची।