अल्मोड़ा। विवेकानंद पर्वतीय कृषि अनुसंधान संस्थान वीपीकेएएस के प्रयोगात्मक प्रक्षेत्र हवालबाग में सुपोषित भारत सशक्त भारत थीम पर आधारित 49वां कृषि विज्ञान मेला आयोजित किया गया। मुख्य अतिथि कृषि वैज्ञानिक चयन मंडल नई दिल्ली के सदस्य डॉ. शिव प्रसाद किमोठी ने कहा कि आज कृषि उत्पादन केंद्रित के स्थान पर आमदनी केंद्रित हो गई है। किसानों को नई शोध तकनीकियों को अपनाकर अपनी आमदनी बढ़ाने के लिए प्रयासरत रहना चाहिए। ये तभी संभव है जब किसान इसके लिए स्वयं आगे आएंगे।
उन्होंने संस्थान के शोध कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि आजादी के बाद से अन्न, बागवानी, दुग्ध एवं मत्स्य उत्पादन में सराहनीय वृद्धि हुई है। जलवायु परिवर्तन के दृष्टिगत उन्होंने वैज्ञानिकों से जलवायु अनुकूलित प्रजातियों एवं तकनीकियों का विकास करने की अपील की ताकि सभी कृषि आधारित संस्थानों के प्रयासों से देश की आजादी के शताब्दी वर्ष 2047 तक देश विकसित राष्ट्र के सपने को पूरा कर सकें। संस्थान के निदेशक डाॅ. लक्ष्मीकांत ने संस्थान की स्थापना तथा पर्वतीय कृषि के क्षेत्र में संस्थान की ओर से किए गए शोध कार्यों, विकसित तकनीकों की जानकारी दी। बताया कि संस्थान अब तक 200 से अधिक उन्नतशील प्रजातियों का विकास कर चुका है। इस वर्ष संस्थान ने विकसित तीन तकनीकों का पेटेंट के लिए आवेदन किया है।
कार्यक्रम में एसएसजे विश्वविद्यालय के कुलपति डाॅ. सतपाल सिंह बिष्ट, जीबी पंत राष्ट्रीय पर्यावरण संस्थान कोसी के निदेशक प्रो. सुनील नौटियाल, उत्तराखंड जैव प्रौद्योगिकी परिषद के निदेशक डाॅ. संजय कुमार, पूर्व पालिकाध्यक्ष प्रकाश चंद्र जोशी, संस्थान के पूर्व निदेशक डाॅ. जगदीश चंद्र भट्ट ने भी विचार रखे। फसल सुधार विभागाध्यक्ष डाॅ. निर्मल कुमार हेडाऊ ने आभार जताया। संचालन डाॅ. आशीष कुमार सिंह एवं निधि सिंह ने किया। संवाद
संस्थान की कई प्रजातियों का किया लोकार्पण
अल्मोड़ा। मुख्य अतिथि कृषि वैज्ञानिक चयन मंडल नई दिल्ली के सदस्य डॉ. शिव प्रसाद किमोठी एवं अन्य अतिथियों ने संस्थान की प्रजातियों नामतः मक्का की वीएल त्रिपोषी, सब्जी मटर की वीएल उपहार, मादिरा की वीएल मादिरा 254, चुआ की वीएल चुआ 140 का लोकार्पण किया। इसके साथ ही संस्थान के प्रकाशन पर्वतीय कृषि दर्पण का विमोचन भी किया गया।
सात प्रगतिशील किसान सम्मानित
अल्मोड़ा। मेले में प्रगतिशील किसान नैन सिंह खेतवाल, नवीन चंद्र आर्या, बसंत लाल, खीम सिंह, हर सिंह, नारायणी देवी, दीपा लोशाली को सम्मानित किया गया। संस्थान में चल रही जनजातीय उप-योजना के तहत लखनी गांव के कृषकों को पावर वीडर का वितरण भी किया गया।
कृषि वैज्ञानिकों ने किया समस्याओं का समाधान
अल्मोड़ा। मेले में आयोजित किसान गोष्ठी में पर्वतीय कृषि से संबंधित विभिन्न पहलुओं की जानकारी दी गई। कृषि वैज्ञानिकों ने किसानों की विभिन्न समस्याओं का मौके पर ही समाधान किया। किसानों ने अपने अनुभव साझा किए। गोष्ठी का संचालन डाॅ. कमल कुमार पांडे ने किया।