अल्मोड़ा। जिले के आठ ब्लॉकों में किसानों के खेतों तक वाटर हार्वेस्टिंग टैंक के जरिये पानी पहुंचेगा। उद्यान विभाग नौ लाख रुपये से यहां 70 टैंक स्थापित करेगा। योजना के तहत बारिश और गधेरों के पानी को संरक्षित कर पाइप लाइन की सहायता से किसानों के खेतों तक पहुंचाया जाएगा। इस पहल से 70 से अधिक किसानों की बंजर भूमि पर सिंचाई हो सकेगी।
अल्मोड़ा के हवालबाग, लमगड़ा, द्वाराहाट, ताकुला, स्याल्दे, भिकियासैंण, सल्ट, ताड़ीखेत विकासखंड में जल्द 70 वाटर हार्वेस्टिंग टैंक अस्तित्व में आएगा। उद्यान विभाग ने जिला योजना मद में टैंक निर्माण के लिए 8.75 लाख रुपये का प्रस्ताव भेजा है। योजना के तहत इन आठ ब्लॉकों में बारिश और गधेरे के पानी को टैंक में संरक्षित किया जाएगा। टैंक से पाइप लाइन की सहायता से किसानों के खेतों तक सिंचाई के लिए पानी पहुंचाया जाएगा। 50 प्रतिशत राज्य सहायता पर किसान टैंक स्थापित कर सकेंगे। विभाग का दावा है कि योजना के अस्तित्व में आने पर 19 गांवों के 70 से अधिक किसानों की सिंचाई के लिए बारिश पर निर्भरता कम होगी।
बाढ़ से फसालों की होगी सुरक्षा
अधिक बारिश होने पर गधेरों का जलस्तर काफी अधिक बढ़ जाता है। इससे बारिश का पानी किसानों के खेतों तक पहुंच कर फसलों को नुकसान पहुंचता है। इस पहल से किसानों को इस समस्या से मुक्ति मिलेगी। वहीं उपजाऊ भूमि के कटाव का खतरा भी कम होगा।
कोट
वाटर हार्वेस्टिंग टैंक से किसानों को सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी उपलब्ध हो सकेगा। योजना के अस्तित्व में आने से इसका सीधा लाभ आठ ब्लॉक के 19 गांव के किसानों को मिलेगा। - डॉ. नरेंद्र कुमार, मुख्य उद्यान अधिकारी अल्मोड़ा