भारत की जनवादी नौजवान सभा (डीवाईएफआई) जिला कमेटी की बैठक में बताया गया कि विधानसभा चुनाव में डीवाईएफआई अल्मोड़ा विधानसभा से वाम जनवादी मोर्चे और सीपीआई (एम) के उम्मीदवार दिनेश पांडे को समर्थन देगी।
वक्ताओं ने कहा कि जनवादी नौजवान सभा अपनी स्थापना से ही नौजवानों से जुड़े सवालों को लेकर संघर्षरत रही है। उत्तराखंड बनने के 16 सालों बाद भी बारी-बारी से सत्ता में आईं भाजपा और कांग्रेस की सरकारों ने राज्य के नौजवानों को छला है। राज्य में आज भी युवाओं के लिए कोई स्पष्ट नीति नहीं है। सरकार ने शिक्षा विभाग में अतिथि शिक्षकों और शिक्षा मित्रों को न्यूनतम वेतन पर काम करने को मजबूर किया है। इससे युवाओं में असुरक्षा की भावना पनप रही है।
उन्होंने कहा कि राज्य में चुनावी राजनीति के दौर में अवसरवादी राजनीति के कारण युवाओं का राजनीतिक मूल्यों पर विश्वास निचले स्तर पर पहुंच चुका है।
राजनीतिक अवसरवाद न सिर्फ लोकतांत्रिक मूल्यों के लिए खतरा है बल्कि आने वाली पीढ़ी को गुमराह करने की सोची समझी रणनीति का हिस्सा है। आज ऐसे राजनीतिक विकल्प की आवश्यकता है जो युवा वर्ग को विधायक-सांसद निधि का लालच देकर ठेकेदार न बनाए। अध्यक्षता जिलाध्यक्ष स्वप्निल पांडे और संचालन यूसुफ तिवारी ने किया। बैठक में योगेश टम्टा, प्रमोद रावत, अनीता कुंजवाल, शाहनवाज अंसारी, मुमताज अख्तर, गुडड़न वर्मा, अमर हुसैन, पिंटू, योगेश पचौलिया, हिना, रितू, मुन्नी प्रदास, सुशील आदि मौजूद थे।