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Almora News: स्वास्थ्य शिविर में नहीं पहुंचे डॉक्टर, बैरंग लौटे मरीज

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मौलेखाल (अल्मोड़ा)। ग्रामीण क्षेत्रों में बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाने के सरकारी दावों की रविवार को पोल खुल गई। विकासखंड सल्ट के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) देवायल में आयोजित तीन दिवसीय स्वास्थ्य शिविर के दूसरे दिन चिकित्सक नहीं पहुंचे। डॉक्टरों के इंतजार में सुबह से पहुंचे मरीज, बुजुर्ग, महिलाएं व अन्य लोग घंटों बैठे रहे लेकिन उपचार नहीं मिलने पर बैरंग लौट गए।
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सीएचसी देवायल में 25 से 27 जुलाई तक विशेष स्वास्थ्य शिविर आयोजित किया जा रहा है। पहले दिन विशेषज्ञ चिकित्सकों ने मरीजों का उपचार किया था, जिसमें 120 लोगों ने स्वास्थ्य लाभ लिया। रविवार को शिविर में अव्यवस्थाएं हावी रहीं। तय समय सुबह नौ बजे से ही दूर-दराज के ग्रामीण अस्पताल पहुंच गए थे लेकिन कोई विशेषज्ञ चिकित्सक नहीं पहुंचा।
ग्रामीणों ने बताया कि कई लोग काफी लंबा सफर तय कर उपचार की उम्मीद से पहुंचे थे। डॉक्टरों के नहीं आने से उनका समय और धन दोनों बर्बाद हुआ। बुजुर्ग और गंभीर रोगी भी बिना उपचार के लौटने के लिए मजबूर हुए।
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विशेषज्ञ सेवाएं भी रहीं ठप, जांच और प्रमाणपत्र का कार्य प्रभावित

स्वास्थ्य शिविर में स्त्री एवं प्रसूति रोग विशेषज्ञ, बाल रोग विशेषज्ञ, हड्डी एवं जोड़ रोग विशेषज्ञ, दंत रोग विशेषज्ञ, फिजिशियन, नेत्र रोग विशेषज्ञ, नाक-कान-गला रोग विशेषज्ञ तथा सामान्य शल्य चिकित्सक की ओर से सेवाएं दी जानी थीं। इनके अलावा खून की जांचें, एक्स-रे, अल्ट्रासाउंड, लीवर एवं किडनी संबंधी परीक्षण, विकलांग प्रमाणपत्र, टीकाकरण, आभा आईडी तथा आयुष्मान कार्ड बनाने जैसी सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जानी थीं लेकिन विशेषज्ञ चिकित्सकों के नहीं पहुंचने से अधिकांश सेवाएं प्रभावित रहीं।
बोले ग्रामीण
- सरकार स्वास्थ्य शिविरों के नाम पर केवल दिखावा कर रही है। बड़े-बड़े प्रचार-प्रसार और भारी सरकारी खर्च के बावजूद धरातल पर न चिकित्सक उपलब्ध हैं और न ही मरीजों को समय पर इलाज मिल रहा है। - हरीश बंगारी, ग्राम प्रधान
- स्वास्थ्य शिविरों के नाम पर सरकारी धन का दुरुपयोग किया जा रहा है। यदि शिविर में चिकित्सक ही उपस्थित नहीं होंगे तो ऐसे आयोजन केवल औपचारिकता बनकर रह जाते हैं। - नारायण सिंह रावत, पूर्व जिला पंचायत सदस्य
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कोट
ईएनटी चिकित्सक और फिजिशियन का स्वास्थ्य खराब होने के चलते वह शिविर में नहीं पहुंच पाए। - डॉ. दीपक शर्मा, जिला नोडल अधिकारी

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