अल्मोड़ा में जन संवाद कार्यक्रम में संबोधित करते डीजीपी अशोक कुमार।
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अल्मोड़ा। पुलिस महानिदेशक अशोक कुमार ने शारदा पब्लिक स्कूल अल्मोड़ा में आम जनता के साथ जनसंवाद कार्यक्रम में जिले की समस्याएं सुनीं। डीजीपी ने कहा कि नगर की यातायात व्यवस्था सुधारने के लिए भवन बनाते समय पार्किंग का विकल्प अवश्य रखा जाए। उन्होंने यातायात व्यवस्था को लेकर आम नागरिकों से सहयोग मांगा। वहीं नशे की बढ़ती प्रवृत्ति समेत जनसहयोग से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर कार्य करने का आश्वासन दिया। उन्होंने खुद को जनता का सेवक बताते हुए हर समस्या का समाधान करने की भी बात कही।
अल्मोड़ा पहुंचे डीजीपी को लोगों ने नगर की यातायात व्यवस्था और नशे की प्रवृत्ति से अवगत कराया। यातायात समस्या को लेकर डीजीपी ने कहा कि सड़कें सीमित हैं और वाहनों का दबाव बढ़ गया है। पार्किंग की कमी के कारण यातायात व्यवस्था बाधित होती है। इसके लिए सड़क मार्गों से जुड़े लोग अपने मकान बनाएं तो पार्किंग का भी इंतजाम करें। समस्या के निवारण के लिए आम नागरिकों का सहयोग बहुत जरूरी है। नशे की बढ़ती समस्या को लेकर भी उन्होंने कहा कि इससे पुलिस अकेले नहीं लड़ सकती। समस्या से निजात पाने के लिए आम नागरिकों का सहयोग बहुत जरूरी है। नशे के खिलाफ अभिभावकों, स्कूलों और पूरे समाज को जोड़ा जाना होगा। बच्चों की काउंसलिंग की जानी होगी, उन्हें नशे के दुष्प्रभावों के बारे में बताया जाना होगा।
शिकायतों को नजरअंदाज न करें
अल्मोड़ा। उत्तराखंड पुलिस के मुखिया अशोक कुमार ने पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों को आवश्यक निर्देश दिए। टीम को बेहतर पुलिसिंग कर नशे के सौदागरों और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने के लिए कहा। डीजीपी ने कहा कि पुलिस को जनता की समस्याओं का खास ध्यान रखना चाहिए। शिकायतों को नजरअंदाज न किया जाए। अपराधियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाए जाने का पूरा प्रयास हो। इसके लिए सभी पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों को जिम्मेदारी तय की जाने की जरूरत है। इस मौके पर पुलिस महानिरीक्षक कुमाऊं परीक्षेत्र अजय रौतेला, एसएसपी पंकज भट्ट, सीओ मातवर सिंह रावत समेत तमाम अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
गढ़वाल में ग्लेशियर फटने की घटना दुखद : डीजीपी
अल्मोड़ा। उत्तराखंड पुलिस महानिदेशक अशोक कुमार ने चमोली के जोशीमठ तपोवन में ग्लेशियर फटने से हुई तबाही पर दुख जताया। कहा कि पुलिस और एसडीआरएफ की राहत टीमें मौके पर हैं, जो लगातार राहत और बचाव कार्य कर रही हैं। हालात पर काबू पाने के लिए पूरे प्रयास किए जा रहे हैं। इसके बाद उन्होंने पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों की समस्या सुनी। कई कार्मिकों ने अपनी छोटी-बड़ी समस्याएं डीजीपी के सम्मुख रखी। डीजीपी ने समस्याओं को सुनते हुए त्वरित निस्तारण करने का आश्वासन दिया। इसके बाद बागेश्वर का कार्यक्रम रद्द कर हेलीकॉप्टर से आपदा प्रभावित क्षेत्र के लिए निकल गए।