अल्मोड़ा। मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने वीडियो कांफ्रेंसिंग से प्रदेश के सभी प्रशासनिक और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के साथ कोविड-19 संक्रमण की रोकथाम और बेहतर उपचार के लिए जिलों में किए जा रहे इंतजामों की समीक्षा की। सीएम ने कोविड-19 के प्रभावी नियंत्रण के लिए संसाधन बढ़ाने के साथ ही टेस्टिंग भी बढ़ाने को कहा। उन्होंने सर्विलांस सिस्टम को मजबूत करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने कोरोना योद्धाओं के लिए बनाए गए ‘चिकित्सा सेतु’ मोबाइल एप को भी लांच किया। यह एप डॉक्टर, पैरामेडिकल स्टाफ, नर्स, सुरक्षा कर्मी पुलिस और कोरोना ड्यूटी में लगे अधिकारियों और कर्मचारियों की सुरक्षा के लिए बनाया गया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि कोविड के कारण काफी लोग बेरोजगार हुए हैं। राज्य में बेरोजगारों के लिए अनेक योजनाएं शुरू की गई हैं। इन योजनाओं का जनपद स्तर पर व्यापक स्तर पर प्रचार-प्रसार किया जाए। उन्होंने कहा कि सीएम सोलर स्वरोजगार योजना जल्द शुरू की जाएगी। इस योजना के माध्यम से 10 हजार लोगों को रोजगार दिया जाएगा। इसके अलावा मोटर, बाइक, टैक्सी योजना भी राज्य में जल्द शुरू की जाएगी। मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र ने कहा कि हमें रोजगार और स्वरोजगार के विकल्प तलाशने होंगे। लोगों को काम मिले इसके लिए जिला योजना और राज्य सेक्टर में फंड की व्यवस्था की गई है। प्रवासियों को भी उपनल के माध्यम से सेवायोजित करने की योजना बनाई जा रही है। मुख्य सचिव ओम प्रकाश ने कहा कि कोरोना को कम्यूनिटी स्प्रेड (सामुदायिक विस्तार) की स्थिति से रोकना जरूरी है। बाहरी राज्यों से जो लोग उत्तराखंड आ रहे हैं। उनके आने के कारणों के लिए कागजों की पूरी छानबीन की जाए। स्वास्थ्य सचिव अमित नेगी ने कहा कि हाई रिस्क क्षेत्र से आने वाले लोगों की शत प्रतिशत सैंपलिंग की जाए। अल्मोडा से मुख्य विकास अधिकारी मनुज गोयल ने व्यवस्थाओं और संक्रमण की रोकथाम के लिए की गई तैयारियों की जानकारी दी। वीसी में मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. सविता हयांकी, अपर मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. योगेश पुरोहित, डॉ. अनिल ढींगरा, डॉ. दीपांकर डेनियल आदि, नरेंद्र कुमार, हिमांशु मुस्यूनी आदि रहे।