अल्मोड़ा। सोबन सिंह जीना विश्वविद्यालय के छात्र- छात्राओं की अंकतालिकाओं में गड़बड़ी और देरी से परीक्षा परिणाम घोषित होने जैसी समस्याओं का समाधान हुआ। समर्थ पोर्टल के माध्यम से अब परीक्षा परिणाम बिना किसी गलती के घोषित हो रहे हैं। इससे छात्र-छात्राओं को राहत पहुंच रही है।
एसएसजे विवि में वर्तमान में 24 हजार छात्र-छात्राएं समर्थ पोर्टल पर पंजीकृत हैं। पोर्टल के माध्यम से ही छात्र-छात्राओंके प्रवेश, परीक्षा आवेदन और परिणाम घोषित हो रहे हैं। उच्च शिक्षा विभाग ने प्रदेश के सभी विवि में एक प्रवेश, एक परीक्षा और एक परिणाम की व्यवस्था लागू की। पोर्टल के माध्यम से परीक्षाफल घोषित होने से अब छात्र-छात्राओं की अंकतालिका में विषयों के अंक नहीं जुड़ने, पूर्णांक से अधिक अंक मिलने और अंकतालिकाओं में त्रुटियां होने की शिकायत दूर हुई। विवि प्रबंधन के मुताबिक पोर्टल पर छात्र-छात्राओं के अंक दर्ज नहीं होने और पूर्णांक से अधिक अंक होने पर सॉफ्टवेयर फौरन चेतावनी देता है। इससे परीक्षाफलों की किसी प्रकार की त्रुटि नहीं होगी।
तीन हजार अंकतालिकाओं में मिलीं त्रुटियां
अल्मोड़ा। विवि के बीते शिक्षा सत्र में 3500 अंकतालिकाओं में त्रुटियां मिलीं। अंकतालिकाओं में सुधार के लिए छात्र- छात्राएं विवि के चक्कर काटने के लिए मजबूर हुए। समर्थ पोर्टल के माध्यम से रिजल्ट जारी होने से अब छात्र-छात्राओं की इस समस्या का समाधान हुआ।
परीक्षाफल घोषित करने में आई तेजी
अल्मोड़ा। पूर्व में उत्तरपुस्तिकाओं के मूल्यांकन के बाद ओएमआर सीट में दर्ज अंकों को विवि को भेजा जाता था। इसके बाद समर्थ पोर्टल पर ऑनलाइन अंक दर्ज होते थे। लेकिन अब मूल्यांकन केंद्रों को आईडी दी गई थी। आईडी के माध्यम से छात्र-छात्राओंं के अंक सीधा पोर्टल पर दर्ज हो रहे हैं। इससे छात्र-छात्राओं को परीक्षा नतीजों के लिए लंबा इंतजार नहीं करना पड़ेगा।
- यकीनन समर्थ पोर्टल की इस व्यवस्था से परीक्षाफलों में पारदर्शिता बढ़ी है। छात्र-छात्राओं के परीक्षाफल तेजी से घोषित किए जा रहे हैं। इससे छात्र-छात्राओं को राहत मिल रही है और परीक्षा प्रणाली में सुधार हुआ है।
- डॉ. पारस नेगी, सहायक नोडल अधिकारी समर्थ एसएसजे विवि।