स्याल्दे (अल्मोड़ा)। चौकोट जन सेवा संघर्ष समिति के बैनर तले चल रहे आठ सूत्रीय मांगों के लिए आंदोलन जारी रहा। आंदोलन को स्थानीय महिलाओं का समर्थन मिला। उन्होंने शीघ्र मांग पूरी न होने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है।
सोमवार को आंदोलन के 16वें दिन स्याल्दे के व्यापारी संजय नेगी आमरण अनशन पर बैठ गए। वहीं मनोज बिष्ट, बसंती देवी, भगवती देवी, लीला देवी, पूरन पालीवाल, डिगंबर धौलाखंडी और चंदन उप्रेती क्रमिक उपवास पर बैठे हैं। आंदोलन को समर्थन देने के लिए भगवंत सिंह बंगारी, हृदेश महरा, रमेश सनवाल, जितेंद्र रजबार, पवन नेगी, पूरन खाती सहित कई ग्रामीण पहुंचे। ग्राम पंचायत खटलगांव से प्रधान हेमा गोस्वामी के नेतृत्व में 50 महिलाओं ने आंदोलन स्थल पहुंचकर अपना समर्थन जताया और अपनी बात रखी।
संघर्ष समिति के वरिष्ठ आंदोलनकारी और अधिवक्ता राकेश बिष्ट ने कहा कि यदि 26 नवंबर तक प्रशासन ने मांगें नहीं मानीं तो 27 नवंबर से उग्र आंदोलन शुरू किया जाएगा। खटलगांव से पहुंचीं महिलाओं ने एक सुर में पशुओं से निजात दिलाने और खेती बचाने की मांग को जोरदार तरीके से उठाया। आंदोलन स्थल पर पहुंचकर महिलाओं ने कहा कि क्षेत्र के विकास के लिए सभी लोगों को आगे आना होगा और जब तक मांगें पूरी नहीं होतीं, आंदोलन जारी रहेगा। आंदोलन को समर्थन देने वालों में बसंती बिष्ट, किरण जोशी, अशोक अग्रवाल, संगीता रावत, चंद्रकला बंगारी, नीमा बंगारी, कमला देवी, राधा देवी, बीना मनराल सहित अनेक ग्रामीण मौजूद रहे।