उत्तराखंड परिवर्तन पार्टी के केंद्रीय अध्यक्ष पीसी तिवारी ने कहा है कि कांग्रेस सरकार और मुख्यमंत्री नानीसार आंदोलन को तोड़ने की साजिश रच रहे हैं। मुख्यमंत्री के इशारे पर कांग्रेस द्वारा आंदोलन को भटकाने के लिए बिना प्रिंट लाइन के बेनामी पर्चे छपवाकर बंटवाए जा रहे हैं।
यहां पत्रकारों से वार्ता करते हुए तिवारी ने कहा कि कांग्रेस पार्टी और सीएम में अपनी बात कहने का नैतिक साहस नहीं है। आंदोलन को कमजोर करने के लिए बिना प्रिंट लाइन के पर्चे कांग्रेस पार्टी के लोग बांट रहे हैं। जो कि प्रेस रजिस्ट्रेशन एक्ट का खुला उल्लंघन है। पुलिस प्रशासन को प्राथमिकी दर्ज कर बेनामी पर्चा निकालने वालों के खिलाफ कार्रवाई करनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि पर्चे के माध्यम से उन पर व्यक्तिगत लगाए गए आरोप सरासर झूठे हैं। उन्होंने कहा कि नानीसार प्रकरण पर आंदोलनकारियों को तो जेल भेज दिया गया, लेकिन जिंदल ग्रुप के लोगों के खिलाफ अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। मुख्यमंत्री, विधानसभा अध्यक्ष और संसदीय सचिव को इस पर जवाब देना चाहिए कि जिंदल ग्रुप के लोगों पर क्यों कार्रवाई नहीं हुई।
तिवारी ने कहा कि नानीसार में निर्माणाधीन स्कूल की चहारदीवारी में करेंट दौड़ाया जा रहा है। भीतर कोई नहीं जा सकता है। ऐसे में परिसर के अंदर हुई तोड़फोड़ की घटना की निष्पक्ष जांच की जानी चाहिए, ताकि सत्यता सामने आ सके। वहां हुई घटना से आंदोलकारियों का कोई लेना देना नहीं है। इस मौके पर जीवन चंद्र, रेखा धस्माना, आनंदी वर्मा, आनंदी मनराल, अनूप तिवारी भी मौजूद थे।