अल्मोड़ा। पुरानी पेंशन बहाली राष्ट्रीय आंदोलन के पदाधिकारियों ने शनिवार को न्याय देवता चितई गोलू मंदिर में पुरानी पेंशन बहाली के लेकर न्याय के लिए अर्जी लगाई। अर्जी में लिखा कि सांसद और विधायक आजीवन पुरानी पेंशन का लाभ ले रहे है। वहीं दूसरी ओर 40 साल तक की सरकारी सेवा कर रहे कर्मचारियों को पुरानी पेंशन का लाभ नहीं दिया जा रहा है। सरकारी कार्मिकों की पेंशन को शेयर मार्केट के हवाले कर सरकार ने अन्याय किया है।
उन्होंने कहा कि एक अक्तूबर 2005 के बाद नियुक्त 76772 शिक्षक, कर्मचारियों के लिए न्याय के ग्वल देवता दरबार मे जाकर अर्जी लगाई जा रही है और पुरानी पेंशन बहाली की मांग को लेकर प्रार्थना की गई। इससे पहले लोनिवि विश्राम गृह में प्रांतीय पदाधिकारियों का स्वागत किया गया। वहां हुई बैठक में आगामी आंदोलन की रणनीति तैयार की गयी।
तय हुआ कि मांग पूरी होने तक जनप्रतिनिधियों को ज्ञापन देने का क्रम सुचारु रूप से चलता रहेगा। जल्द ही अधिवेशन भी कराया जाएगा और सभी पार्टियों के जिलाध्यक्षों को ज्ञापन देकर आगामी विधानसभा चुनाव के घोषणापत्र में उनसे पुरानी पेंशन बहाली की मांग को प्रमुखता से रखने को कहा जाएगा। इस अवसर पर प्रदेश अध्यक्ष जीतमणि पैन्यूली, प्रदेश महामंत्री मुकेश रतुणी, धीरेंद्र पाठक, जिलाध्यक्ष गणेश सिंह भंडारी, जिलामंत्री भूपाल चिलवाल, जगदीश भंडारी, पुष्कर भैंसोड़ा, मनोज बिष्ट, संजय जोशी, मनोज जोशी, बलवीर भाकुनी आदि रहे।