अब कांग्रेस भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह की रैली का जवाब देने की रणनीति में जुट गई है। कांग्रेस ने कार्यकर्ताओं में जोश जगाने के लिए अल्मोड़ा में अगले माह बड़ी रैली आयोजित करने का फैसला कर लिया है। यही वजह है कि कांग्रेस ने सतत् संकल्प विकास यात्रा के तहत 28 नवंबर को अल्मोड़ा में होने वाली रैली का कार्यक्रम स्थगित कर दिया है और अब दिसंबर पहले अथवा दूसरे हफ्ते में जवाबी रैली होगी। इस रैली को मुख्यमंत्री हरीश रावत के साथ ही राहुल अथवा सोनिया गांधी में से किसी एक के आने की संभावना है।
मंगलवार को भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह की रैली में जुटी भीड़ से कांग्रेस के भीतर भी हलचल है। अमित शाह की रैली में पहुंची भीड़ का आकलन करने के बाद कांग्रेस ने भी इसका जवाब देने की ठान ली है। पार्टी नेतृत्व का मानना है कि कार्यकर्ताओं में जोश भरने के लिए अब अल्मोड़ा में बड़ी रैली करनी जरूरी है जिसमें भाजपा की रैली से अधिक लोगों को जुटाने का प्रयास किया जाएगा। इस संबंध में जिले के विधायकों और अन्य नेताओं की मुख्यमंत्री हरीश रावत से बात हो चुकी है। बताया गया है कि मुख्यमंत्री रावत की सहमति के बाद 28 नवंबर को अल्मोड़ा के रैमजे इंटर कालेज मैदान में प्रस्तावित सतत् संकल्प विकास रैली को स्थगित कर दिया गया है।
इधर अल्मोड़ा के विधायक और संसदीय सचिव मनोज तिवारी ने इसकी पुष्टि करते हुए कहा कि कांग्रेस दिसंबर के पहले पखवाड़े में अल्मोड़ा में बड़ी रैली करेगी जिसमें भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह की रैली से अधिक भीड़ जुटेगी। उन्होंने यह भी बताया कि रैली की तिथि प्रदेश नेतृत्व तय करेगा। यह रैली अल्मोड़ा स्टेडियम अथवा एसएसजे परिसर के मैदान में ही आयोजित की जाएगी। उन्होंने बताया कि रैली को मुख्यमंत्री हरीश रावत के अलावा में किसी राष्ट्रीय अध्यक्ष सोनिया अथवा राहुत गांधी नेता को आमंत्रित करने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने भीड़ के लिहाज से भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह की रैली को विफल करार दिया। उन्होंने दावा किया कि अमित शाह की रैली के जवाब में कांग्रेस बड़ी रैली आयोजित करके दिखाएगी।