अपनी मांगों को लेकर पिछले 15 दिन से आमरण अनशन पर बैठे आल्पस कर्मचारियों ने आंदोलन को और तेज करने का निर्णय लिया है। उन्होंने आरोप लगाया है कि सरकार उनकी मांग तो पूरी कर नहीं रही है लेकिन आंदोलन में बैठे कर्मचारियों को भी जबरन उठा लिया जा रहा है। कर्मचारियों ने जल्द ही अनशन में महिला कर्मचारियों के भी बैठने की चेतावनी दी। इधर घनश्याम जोशी और विनोद पाटनी का आमरण अनशन दूसरे दिन भी जारी रहा।
फैक्ट्री का संचालन जल्द शुरू करने, ईपीएफ और छह माह का वेतन देने की मांग को लेकर आमरण अनशन कर रहे आल्पस कर्मचारियों ने गांधी पार्क में धरना देते हुए शासन प्रशासन पर उनकी सुध न लेने का आरोप लगाया। कर्मचारियों ने कहा कि बीते दिन पुलिस और प्रशासन की टीम जबरन अनशनकारियों को आंदोलन स्थल से उठाकर ले गई। इस दौरान कर्मचारियों ने सरकार और प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
अनशनकारियों के साथ धरना स्थल पर शांति कनवाल, माया पुनेठा, नंदी बिष्ट, बसंत मेहरा, शेखर जोशी, प्रमोद साह, गोपाल रौतेला, बलवंत सिंह, दीपा पांडे, किरन साह, हेमा नयाल, नसरीन, माया, गंगा, हीरा, हेमा, मंजू, हरीश सुप्याल, महेंद्र सिंह, अशोक साह आदि मौजूद रहे। जबकि त्रिलोचन जोशी, अख्तर हुसैन, पूरन रौतेला, संजय मेहता, बिशन बिष्ट ने धरना स्थल पर आकर कर्मचारियों को समर्थन दिया।