अल्मोड़ा महोत्व की समीक्षा बैठक लेते आयुक्त।
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कुमाऊं कमिश्नर राजीव रौतेला ने 20 से 22 अक्तूबर तक पहली बार हो रहे अल्मोड़ा महोत्सव की तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार की पहल पर अल्मोड़ा जिले में पहली बार आयोजित हो रहे अल्मोड़ा महोत्सव जिले की कला, संगीत, संस्कृति, पुरातन स्थल, प्राकृतिक सौंदर्य, जैव विविधता, धार्मिक स्थलों को अंतरराष्ट्रीय पटल पर पहचान दिलाने में सफल साबित होगा। उन्होंने महोत्सव के लिए बनाई गई सोशल मीडिया साइटों का भी शुभारंभ किया।
उन्होंने बताया कि महोत्सव में स्थानीय हस्तशिल्प उत्पादों को बाजार उपलब्ध कराने के उद्देश्य से व्यापारियों को विशेष तौर पर आमंत्रित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि विलुप्त हो रहे परंपरागत उद्योगों को पुनर्जीवित करने के लिए स्थानीय उद्यमियों को प्रोत्साहित करना होगा। उन्होंने महोत्सव के दौरान सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कोसी नदी के पुनर्जन्म के लिए किए गए पौधरोपण कार्यक्रम की समीक्षा की। उन्होंने सूख चुके पौधों के स्थान पर जल्द नए पौधे लगाने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया ने बताया कि महोत्सव में सांस्कृतिक कार्यक्रमों के अलावा हास्य कवि सम्मेलन, कव्वाली, साहसिक पर्यटन से संबंधित कार्यक्रम आयोजित होंगे। बैठक में दीपक मुरारी, राकेश जोशी, राहुल चौबे, प्रद्युमन नागपाल, शंकर दत्त पांडेय आदि मौजूद थे।