बागेश्वर-टनकपुर रेल मार्ग निर्माण संघर्ष समिति ने यहां
प्रदर्शन किया। बैठक में केंद्र सरकार, जनप्रतिनिधियों के रुख पर हताशा
व्यक्त की गई। वक्ताओं ने कहा कि रेल मार्ग को राष्ट्रीय परियोजना में
शामिल किया गया है, लेकिन अभी तक इसके निर्माण की दिशा में कोई काम नहीं हो
सका है।
रेल मार्ग निर्माण संघर्ष समिति के आह्वान पर यहां तहसील प्रांगण में सभा
हुई। नारेबाजी के साथ प्रदर्शन किया गया। वक्ताओं ने कहा कि केंद्र सरकार
ने 2011 में इसे राष्ट्रीय परियोजना में शामिल किया था, लेकिन अभी तक इसके
निर्माण का सिलसिला शुरू नहीं हो सका है।
वक्ताओं ने कहा कि पिछले दिनों
रेल मार्ग के बारे में राज्य के सभी सांसदों को पत्र भेजे गए थे।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से भी आग्रह किया गया था, लेकिन कहीं से भी जवाब
नहीं आया। उन्हाेंने प्रधानमंत्री, सांसदों के इस बर्ताव पर विरोध व्यक्त
किया। वक्ताओं ने रेल मार्ग के लिए भविष्य में आंदोलन तेज करने का ऐलान
किया। रेल मार्ग निर्माण संघर्ष समिति की अध्यक्ष नीमा दफौटी, खड़क राम
आर्य, गिरीश चंद्र पाठक, हयात सिंह मेहता, केशवानंद जोशी, पुष्पा नगरकोटी,
लक्ष्मी धर्मशक्तू, हीरा मेहता, सुनीता टम्टा आदि उपस्थित थे।