आमरण अनशन पर बैठे केसर सिंह अधिकारी।
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राजकीय पालीटेक्निक का नाम स्वतंत्रता संग्राम सेनानी स्व. धन सिंह अधिकारी के नाम पर किए जाने की मांग को लेकर स्वतंत्रता संग्राम सेनानी के 82 वर्षीय पुत्र केशर सिंह अधिकारी ने आमरण अनशन शुरू कर दिया है। संस्थान परिसर में अधिकारी के समर्थन में भारी संख्या में ग्रामीणों ने धरना दिया। कहा कि सलना के ग्रामीणों ने संस्थान के लिए भूमि दान दी, शासन ने ग्रामीणों की उपेक्षा कर संस्थान का नाम कफड़ा निवासी स्वतंत्रता संग्राम सेनानी स्व. राम सिंह के नाम पर कर दिया। जब तक नाम परिवर्तन नहीं किया जाता, तब तक अनशन जारी रहेगा।
राजकीय पालीटेक्निक का नाम सलना निवासी स्व. धन सिंह अधिकारी के नाम पर रखने की मांग ग्रामीण लंबे समय से कर रहे हैं। इस बीच कई बार शासन-प्रशासन को ज्ञापन भेजे गए। सलना के ग्रामीणों का कहना है कि शासन ने ग्राम सभा की ही उपेक्षा कर दी। सलना के ग्रामीणों की भूमि पर संस्थान बना है। सलना के ही स्वतंत्रता संग्राम सेनानी स्व. धन सिंह अधिकारी हैं, लेकिन संस्थान का नाम 10 किमी दूर स्थित कफड़ा निवासी स्व. राम सिंह के नाम पर कर दिया गया, जो कि दुर्भाग्यपूर्ण है।
नया नामकरण होने के बाद भी कई बार स्वतंत्रता संग्राम सेनानी स्व. अधिकारी के पुत्र केशर सिंह अधिकारी ने शासन-प्रशासन को पत्र भेजे। उन्होंने पांच जून से आमरण अनशन करने की चेतावनी दी थी, लेकिन उपजिलाधिकारी फिंचा राम, नायब तहसीलदार सतीश बर्थवाल ने 10 दिन की मोहलत मांगी थी, लेकिन 10 दिन बाद भी कोई कार्रवाई नहीं होने पर केशर सिंह ने बृहस्पतिवार से आमरण अनशन शुरू कर दिया है। प्रधान गुड्डी देवी, पूर्व विधायक पुष्पेश त्रिपाठी, प्रधान संगठन अध्यक्ष महेश पंत, राज्य आंदोलनकारी वीरेंद्र बजेठा, विशन सिंह, महेंद्र अधिकारी, दान सिंह, नरेंद्र अधिकारी, प्रकाश चंद्र, दयाल बिष्ट, नारायण अधिकारी, मनोहर नेगी, मोहन चंद्र तिवारी, हिम्मत सिंह ने आंदोलन स्थल पर पहुंचकर समर्थन जताया। इधर समर्थन में दीवान सिंह अधिकारी क्रमिक अनशन पर बैठे।
फोटो: 15 आरकेटी 02पी: राजकीय पालीटेक्निक परिसर में आमरण अनशन पर बैठे 82 वर्षीय केशर सिंह अधिकारी।