अल्मोड़ा। नगर से सटी 23 ग्राम पंचायतों को पालिका क्षेत्र में शामिल करने के विरोध में ग्रामीणों का चौघानपाटा स्थित गांधी पार्क में चल रहा धरना गुरुवार को भी जारी रहा। बृहस्पतिवार को सरसों के ग्रामीण धरने पर बैठे। धरना स्थल पर हुई बैठक में वक्ताओं ने सरकार के फैसले के खिलाफ निर्णायक संघर्ष का ऐलान किया। कहा कि किसी भी जनप्रतिनिधि को गांव में घुसने नहीं दिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि सरकार एक ओर जहां ग्राम प्रधानों, क्षेत्र पंचायत सदस्यों का मानदेय बढ़ा रही है, वहीं हवालबाग विकासखंड के 23 गांवों को समाप्त कर देना चाहती है। सरकार के विधायक तथा मंत्री जनता को गुमराह कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार के फैसले को देहरादून में सहमति देने वाले विधायक अल्मोड़ा में आकर जनता के आंदोलन को समर्थन देने की बात कहकर जनता को भ्रमित कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि ग्राम पंचायतों को पालिका क्षेत्र में किसी भी सूरत में शामिल नहीं होने दिया जाएगा। धरने में सरसों के प्रधान नवीन सिंह बिष्ट, विमला देवी, अर्जुन आर्या, गीता देवी, लक्षिता बिष्ट, भावना बिष्ट, कीर्ति बिष्ट, पूनम बिष्ट आदि बैठे। अध्यक्षता नवीन बिष्ट तथा संचालन राजेंद्र बिष्ट ने किया। इस मौके पर हरीश कनवाल, योगी सुंदर नाथ, ब्लॉक प्रमुख सूरज सिराड़ी, महेश चंद्र ने विचार रखे।