अल्मोड़ा। जिले में बुजुर्गों और दिव्यांगों को पेंशन देने की योजना दम तोड़ रही है। अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि 55,878 बुजुर्गों और दिव्यांगों को दो माह से पेंशन नहीं मिली है, वे उधारी में घर चलाने के लिए मजबूर हैं। पेंशनरों के सामने आर्थिक संकट गहरा गया है।
सरकार की ओर से बुजुर्गों और दिव्यांगों को राहत देने के लिए पेंशन देने की योजना संचालित की जा रही है लेकिन उन्हें पेंशन देने के लिए सरकार की तिजोरी में धन नहीं है। पेंशन का इंतजार कर रहे जिले के 49,965 बुजुर्ग और 5,913 दिव्यांग पेंशन भोगी इसका प्रमाण हैं। बुजुर्ग और दिव्यांगों को अप्रैल और मई माह की पेंशन अब तक नहीं मिली है। जून महीना खत्म होने में कुछ दिन शेष बचे हैं। अब तक पेंशन न मिलने से बुजुर्ग और दिव्यांग कई दुश्वारियों से जूझ रहे हैं। संवाद
बैंकों के चक्कर काटते थक गए पेंशनर
अल्मोड़ा। पेंशनरों का कहना है कि पेंशन के लिए बैंकों का चक्कर काटते-काटते थक गए हैं। पेंशन के लिए वे लगातार विभाग और बैंक में संपर्क कर रहे हैं, लेकिन मायूस होकर लौटना पड़ रहा है। पेंशनर किशन सिंह ने कहा कि परिवार का पालन करना मुश्किल हो गया है। न जाने कब पेंशन मिलेगी।
ब्लाॅक का नाम वृद्धावस्था पेंशनर दिव्यांग पेंशनर
भैंसियाछाना 2528 498
भिकियासैंण 3490 365
चौखुटिया 3846 429
धौलादेवी 7130 920
द्वाराहाट 4354 590
हवालबाग 3955 140
लमगड़ा 4480 700
सल्ट 6535 533
स्याल्दे 5150 478
ताकुला 3363 609
ताड़ीखेत 5130 651
कोट
केंद्र सरकार का अंश नहीं मिलने से पेंशन के भुगतान में देरी हुई है। केंद्र से अंश के रूप में धनराशि मिलते ही पेंशनरों को भुगतान कर दिया जाएगा।
- आराधना त्रिपाठी, जिला समाज कल्याण अधिकारी, अल्मोड़ा।