अल्मोड़ा। जिला विकास प्राधिकरण के विरोध में सर्वदलीय संघर्ष समिति ने सोमवार को चौघानपाटा स्थित गांधी पार्क में धरना दिया। धरना स्थल पर हुई सभा में वक्ताओं ने आरोप लगाया कि प्राधिकरण के मामले में स्थानीय विधायक और सांसद आंखें मूंदे बैठे हैं। आठ माह से समिति आंदोलनरत है, लेकिन अब तक न तो स्थानीय विधायक और न ही सांसद ने आंदोलनकारियों से वार्ता की।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री द्वारा प्राधिकरण के शुल्क में 70 प्रतिशत छूट देने की घोषणा की गई थी जो सिर्फ छलावा साबित हो रही है। घोषणा को पांच माह पूरे हो गए हैं लेकिन शासनादेश अब तक जारी नहीं किया गया है। धरने पर पूर्व पालिकाध्यक्ष प्रकाश चंद्र जोशी, आनंद सिंह बगडवाल, आनंद ऐरी, लक्ष्मण ऐठानी, पीतांबर पांडे, अख्तर हुसैन, पूरन रौतेला, अनूप तिवारी, आनंदी वर्मा, ललित मोहन पंत, जगदीश लाल साह, रमेश राम, डीआर आगरी, विनोद तिवारी, प्रशांत पवार, जगदीश बिष्ट, मीनाक्षी तिवारी, राजीव कर्नाटक, दीपांशु पांडे, हर्ष कनवाल आदि बैठे।
गांवों को पालिका सीमा में मिलाने के विरोध में धरना जारी
अल्मोड़ा। नगर के आसपास के गांवों को पालिका सीमा क्षेत्र में शामिल करने के विरोध में गांव बचाओ संघर्ष समिति के बैनर तले चौघानपाटा स्थित गांधी पार्क में चल रहा धरना 11वें दिन भी जारी रहा। ग्रामीणों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर विरोध जताया। धरना स्थल पर हुई सभा में वक्ताओं ने समस्या का समाधान नहीं होने तक आंदोलन जारी रखने की चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि जब तक न्याय नहीं मिलेगा तब तक आंदोलन जारी रहेगा। अध्यक्षता अंबी राम आर्य ने और संचालन केपी जोशी ने किया। धरने पर आनंद कनवाल, ज्येष्ठ प्रमुख हवालबाग महेश चंद्र, अंबी राम, महेश चंद्र, केपी जोशी, हर्ष कनवाल, सुंदर कनवाल, मोहन सिंह अल्मिया, अनूप तिवारी, पूरन रौतेला, पीतांबर पांडेय, प्रवेश कुमार, वीसी दुर्गापाल, नंदन दसौनी, चंदन रावत, प्रमोद कुमार, आशीर्वाद गोस्वामी आदि बैठे।