अल्मोड़ा। बाह्य स्रोत और संविदा कर्मचारियों को नियमित होने तक 18 हजार रुपये प्रतिमाह वेतन देने समेत छह सूत्री मांगों को लेकर रोडवेज कर्मचारियों ने शनिवार को दूसरे दिन भी डिपो शाखा परिसर में धरना दिया। उन्होंने सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर विरोध जताया। धरना स्थल पर हुई सभा मेें वक्ताओं ने बाह्य स्रोत और संविदा कर्मचारियों की उपेक्षा पर नाराजगी जताई। उन्होंने परिवहन निगम को जनहित कारी योजनाओं का 60 करोड़ रुपये का भुगतान करने की मांग की। कहा कि लंबे समय से एक ही स्थान पर जमे कर्मचारियों का स्थानांतरण किया जाए।
उन्होंने कहा कि बाह्य स्रोत और संविदा कर्मचारी कई सालों से काम कर रहे हैं, लेकिन उन्हें नियमित नहीं किया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि नवंबर के वेतन का भुगतान आज तक नहीं किया गया है। इससे कर्मचारियों को काफी दिक्कतें हो रही हैं। उन्होंने कहा कि डिपो में पूर्णकालिक सहायक महाप्रबंधक नियुक्त किया जाए। लंबे समय से एक ही स्थान पर जमे कर्मचारियों का स्थानांतरण किया जाए। डिपो में परिचालकों की कमी दूर करने की मांग की। रोडवेज कर्मचारी संयुक्त परिषद के प्रदेश संगठन मंत्री उमेश चंद्र भट्ट ने कहा कि कर्मचारियों का उत्पीडन बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
इससे पूर्व उमेश चंद्र भट्ट का प्रदेश संगठन मंत्री बनने पर डिपो शाखा के कर्मचारियों ने स्वागत किया। अध्यक्षता शाखा उपाध्यक्ष गिरीश आर्या तथा संचालन शाखा मंत्री सुरेश नेगी ने किया। धरने पर राम दत्त पपनै, रमेश जोशी, भरत लाल टम्टा, आनंदी शुक्ला, टेक सिंह, प्रवीण रावत, हरीश पंत, नरेंद्र सिंह, तारा जोशी, कुंदन रावत, रोहित कुमार, उमाशंकर, गिरीश चंद्र, संजय कुमार, राजेंद्र सिंह, नवीन चंद्र, आनंद प्रसाद, महेंद्र लाल, राकेश कुमार, हरिप्रसाद, पवनेश कुमार, नंदकिशोर, राम प्रसाद, कमलेश्वर प्रसाद, नरेश कुमार, इंद्र लाल, रमेश पांडे, दीपक कुमार, प्रदीप कुमार टम्टा, अरुण सिंह, पुष्कर आर्या, रवींद्र भंडारी, दीप लोहनी, गोपाल जोशी बैठे।