अल्मोड़ा। पिछले वर्ष नवंबर में प्राधिकरण का गठन करने के बाद से अब तक केवल 16 नक्शे ही पास हुए हैं। इसमें भी 14 नक्शे कुछ दिन पहले टाउन प्लानर ने अल्मोड़ा आकर पास किए। इधर पांच माह बीत जाने के बाद भी प्राधिकरण में विभिन्न पदों के लिए नियुक्तियां नहीं हो सकी हैं। तीन-चार कर्मचारियों के भरोसे जिला विकास प्राधिकरण का काम चल रहा है।
भवन निर्माण और जीर्णोद्धार आदि के लिए नक्शे पास कराने में आ रही दिक्कत और अतिरक्त खर्चों से हो रही परेशानी को लेकर जहां आम आदमी परेशान है वहीं प्राधिकरण के विरोध में सर्वदलीय संघर्ष समिति का धरना भी जारी है। दूसरी ओर विकास प्राधिकरण के लिए पद सृजित होने के बाद भी अभी तक अधिकारी, कर्मचारियों की नियुक्ति का मामला लटका हुआ है। प्राधिकरण का काम फिलहाल कलक्ट्रेट के लिपिक, अवर अभियंता और लेखाकार ही देख रहे हैं।
प्राधिकरण कार्यालय का काम देख रहे वरिष्ठ लिपिक खीमानंद जोशी का कहना है कि प्राधिकरण में तकनीकी विशेषज्ञ, तहसीलदार, लेखपाल, सुपरवाइजर, सहायक लेखाकार, कनिष्ठ सहायक, व्यैक्तिक सहायक, बहुउद्देशीय कार्मिक, सहायक नगर नियोजक, सहायक वास्तुविद, अधिशासी अभियंता, सहायक अभियंता, अवर अभियंता और विधि सहायक के पदों पर नियुक्तियां होनी हैं। इस मामले में जिला विकास प्राधिकरण सचिव केएस टोलिया का कहना है कि यह शासन स्तर का मामला है।