अल्मोड़ा। शहर के एनटीडी में विक्टर मोहन जोशी पार्क में 1.10 करोड़ रुपये की लागत से बना जलाशय करीब तीन साल से निष्प्रयोज्य पड़ा है। 40 लाख लीटर क्षमता के इस जलाशय के लिए मटेला से नई पेयजल लाइन अब तक नहीं बिछाई जा सकी है। पिछले साल मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत द्वारा की गई घोषणा के बाद अब पेयजल निगम निर्माण शाखा हरकत में आया है और आंगणन तैयार किया जा रहा है।
आजादी से पहले से विक्टर मोहन जोशी पार्क में जलाशय था। पूर्व में पेयजल किल्लत होने पर शहर में इसी जलाशय से पानी की आपूर्ति की जाती थी। कोसी नदी से नई पेयजल लाइन बिछने के बाद यह जलाशय निष्प्रयोजय हो गया था। एनटीडी और हीराडुंगरी क्षेत्र की पेयजल समस्या को देखते हुए स्थानीय लोगों ने जलाशय के जीर्णोद्धार की मांग उठाई। शासन से बजट मिलने के बाद तीन साल पहले पेयजल निगम निर्माण शाखा ने 1.10 करोड़ लागत से जलाशय का जीर्णोद्धार किया। इसकी क्षमता 40 लाख लीटर (40 एमएलडी) है पर जलाशय तक नई पेयजल लाइन नहीं बनने से यह निष्प्रयोज्य पड़ा है।
जलाशय के ऊपर1.10 मीटर ऊंचाई का तालाब बनाकर बच्चों के लिए नाव चलाने की भी योजना थी। लंबा समय बीतने के बाद भी जलाशय के लिए पेयजल लाइन नहीं बिछाई जा सकी है। जिस कारण जनता को जलाशय का लाभ नहीं मिल पा रहा है। गत जून में अल्मोड़ा आए मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने जलाशय के लिए मटेला से नई पेयजल लाइन बिछाने की घोषणा की थी पर अब तक लाइन नहीं बिछाई जा सकी है।
मटेला से जलाशय तक नई पेयजल लाइन बिछाने का कार्य मुख्यमंत्री की घोषणा में शामिल है। नई लाइन बिछाने और पंप हाउस के लिए आंगणन तैयार करने का कार्य चल रहा है। आगणन तैयार कर इसी माह मंजूरी के लिए शासन को भेजा जाएगा।
एन लाल, अधिशासी अभियंता, पेयजल निगम निर्माण शाखा, अल्मोड़ा।