रानीखेत (अल्मोड़ा)। छटनी मैसेज और मानदेय नहीं मिलने से गुस्साए बीएसएनएल कैजुअल कांट्रेक्ट वर्कर्स यूनियन ने अनिश्चितकालीन धरना प्रदर्शन और कार्य बहिष्कार शुरू कर दिया है। उनका कहना है कि 15-20 सालों से पूर्ण मनोयोग से कार्य करने के बावजूद उन्हें समय पर मानदेय नहीं मिलता, कुछ कहने पर छटनी मैसेज जारी कर दिए जा रहे हैं। चेतावनी दी कि यदि शीघ्र समस्या का समाधान नहीं हुआ तो बेमियादी हड़ताल शुरू कर दी जाएगी।
अल्मोड़ा एसएसए से जुड़े श्रमिक शुक्रवार को बीएसएनएल कार्यालय प्रांगण में एकत्रित हुए। यहां धरना प्रदर्शन किया गया। इस दौरान महाप्रबंधक को ज्ञापन भेजा गया, जिसमें कहा गया है कि लंबे समय से कार्य कर रहे श्रमिकों के साथ अच्छा बर्ताव नहीं किया जा रहा है। विभाग में लगभग 200 मजदूरों से टेलीफोन, ओएफसी, इंटरनेट सहित तमाम कार्य लिए जा रहे हैं। मजदूरों को विभाग की तरफ से मार्च 2019 से अभी तक मानदेय का भुगतान नहीं किया गया है, मार्च 2018 का मानदेय भी अभी तक लंबित पड़ा हुआ है। जिसके चलते उनके समक्ष आर्थिक संकट खड़ा हो गया है।
गुहार लगाने के बावजूद सकारात्मक कार्रवाई नहीं हो रही है। उल्टा मजदूरों को निकालने संबंधी मैसेज जारी किए जा रहे हैं। जिसके चलते आंदोलन करना पड़ रहा है। इस मौके पर खीम सिंह, कुंदन सिंह, जगदीश जलाल, प्रदीप पांडे, हर्ष सिंह, ललित मोहन सती, चेतन शाह, गणेश आर्या, नवीन जोशी, जीवन सिंह, संजय मठपाल, पूरन मठपाल, नंदन सिंह, केशर सिंह, राजेंद्र सिंह, बालम सिंह, गणेश चंद्र, सुंदर रौतेला, राजेंद्र सिंह, जगदीश सिंह, मुकेश भट्ट, महेंद्र सिंह आदि शामिल थे।