अल्मोड़ा। जिले में तीन दिनों की लगातार मूसलाधार बारिश के बाद सोमवार को धूप खिलने से लोगों को बड़ी राहत मिली। भारी बारिश के चलते जिलेभर में मलबा आने से बंद हुईं 17 सड़कों में से 15 को प्रशासन ने कड़ी मशक्कत के बाद यातायात के लिए खोल दिया है। हालांकि ग्रामीण क्षेत्रों की दो सड़कों पर अब भी मलबा जमा होने से यातायात पूरी तरह ठप है।
पाखुर-चमड़खान और थात तलाड़ सड़कें बंद होने से स्थानीय लोगों को मीलों लंबे वैकल्पिक पथरीले रास्तों से आवाजाही करनी पड़ रही है जिससे उनकी मुश्किलें बढ़ गई हैं। सोमवार को सुबह से ही मौसम साफ रहने और चटख धूप खिलने से लोगों ने राहत की सांस ली। हालांकि दिन भर मौसम का मिजाज पल-पल बदलता रहा और शाम होते-होते आसमान में दोबारा काले बादलों ने डेरा डाल लिया। इस बेमौसम बारिश ने सबसे ज्यादा चोट किसानों पर की है जिससे उनकी तैयार फसलें और पशुओं के लिए काटी गई घास सड़ने की कगार पर पहुंच गई है। सोमवार को धूप आते ही किसानों ने कटी हुई घास को सुखाने का काम किया। इधर आपदा प्रबंधन अधिकारी विनीत पाल ने बताया कि जिले की बंद हुई 17 सड़कों में से अधिकांश पर यातायात बहाल कर दिया गया है। जल्द ही इन दोनों मार्गों को भी साफ कर यातायात सुचारू कर दिया जाएगा।