वाराणसी के नरिया निवासी चांद मोहम्मद उर्फ रिंकू खान को लंका थाने की पुलिस ने शनिवार को गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार, रिंकू व्हाट्सएप ग्रुप में कोरोना वायरस के संक्रमण को रोकने के लिए किए जा रहे उपायों और इंदौर में डॉक्टरों पर हुए हमले के संबंध में भ्रामक सूचनाएं और अफवाह फैला रहा था।
लंका इंस्पेक्टर भारत भूषण तिवारी के अनुसार, सूचना मिली थी कि एक युवक व्हाट्सएप ग्रुप में इंदौर में डॉक्टरों पर हुए हमले और पुलिस की कार्रवाई को लेकर तरह-तरह की अफवाह फैला रहा है। साथ ही वह लोगों को उकसा रहा था कि कोरोना वायरस के संक्रमण की जांच के लिए मेडिकल टीम आए तो कहीं जाने की जरूरत नहीं है। मोबाइल नंबर के आधार पर रिंकू की तस्दीक कर उसे गिरफ्तार कर लिया गया है।
मामले में कुछ अन्य लोग भी गिरफ्तार किए जा सकते हैं। फिलहाल उनकी भूमिका की जांच की जा रही है। उधर, पुलिस को यह भी पता लगा कि 10 दिन पहले लंका थाना क्षेत्र की एक मस्जिद में कुछ बाहरी युवक आए थे। सभी को भोजन कराने की व्यवस्था भी की गई थी। इसके बाद सभी वहां से निकल गए थे। पुलिस की पूछताछ में मस्जिद के मौलवी ने बाहरी युवकों के आने की घटना से इनकार किया। लंका इंस्पेक्टर ने बताया कि यह बात सुनने में आई है। जांच कर साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।