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Varanasi: प्रथमेश पूजन के साथ रामनगर की रामलीला का हुआ श्रीगणेश, झाल-मजीरे की झनक संग गूंजे दोहे और चौपाइयां

Fri, 04 Aug 2023 07:35 PM IST
उत्पल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी

सार

रामनगर की रामलीला का औपचारिक शुभारंभ शुक्रवार को गणेश पूजन से हो गया। झाल-मजीरे की झनक गूंजते दोहे-चौपाइयों से श्रद्धालुओं का मन मयूर छमक उठा। प्रथमेश की पूजा के दौरान लीला प्रेमियों की भीड़ लगी रही और पूरा परिसर हर-हर महादेव और जय-जय सियाराम के जयघोष से गूंज रहा था।
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प्रथमेश पूजन के साथ रामनगर की विश्व प्रसिद्ध रामलीला का श्रीगणेश - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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रामनगर की रामलीला का औपचारिक श्रीगणेश शुक्रवार को प्रथम गणेश पूजन के साथ हो गया। इसी के साथ मुख्य स्वरूपों का लगभग पौने दो महीने चलने वाले प्रशिक्षण की शुरुआत भी हो गई। प्रथमेश की पूजा के दौरान लीला प्रेमियों की भीड़ लगी रही। पूरा परिसर हर-हर महादेव और जय-जय सियाराम के जयघोष से गूंज रहा था।

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श्रावण मास की प्रथम चतुर्थी पर शुक्रवार की शाम चौक स्थित रामलीला पक्की पर प्रथम गणेश पूजन का आयोजन किया गया। सर्वप्रथम विघ्नहर्ता गणेश जी और हनुमान जी के मुखौटे की पूजा अर्चना की गई । इसके अलावा रामलीला के संवाद पोथी की पूजा हुई। रामलीला में काम आने वाले औजारों, ब्रश आदि की भी पूजा की गई।

यजमान बने रामलीला ट्रस्ट के मंत्री जय प्रकाश पाठक ने रामलीला के निर्विघ्न समापन का संकल्प लिया। मुख्य स्वरूपों ने सांकेतिक रूप से रामलीला के संवादों का उच्चारण किया।  रामनारायण पांडेय, योगेंद्र चंद्र पाठक, शांत नारायण पाठक आदि ब्राह्मणों के दल ने पूजा संपन्न कराई। बनारस से लीला प्रेमी इस पूजा को देखने पहुंचे तो स्थानीय लोग भी बड़ी संख्या में उपस्थित थे। रामलीला व्यास रघुनाथ दत्त, संपत राम,शिवदत्त मौजूद रहे। आरती के बाद प्रसाद वितरण के साथ प्रथम गणेश पूजन का समापन हुआ। 

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अब घर नहीं जाएंगे लीला के पात्र

प्रथम गणेश पूजन के साथ ही रामलीला में श्रीराम, जानकी, भरत, लक्ष्मण, और शत्रुध्न की भूमिका निभाने वाले बालकों का प्रशिक्षण शुरू हो गया। आज से ये बालक रामलीला की समाप्ति तक रामलीला व्यास के सानिध्य में रह कर संवाद कंठस्थ करने के साथ भाव भंगिमाओं की शिक्षा ग्रहण करेंगे। इस दौरान वे अपने घर नही जाएंगे बल्कि बलुआ घाट धर्मशाला में ही प्रवास करेंगे।
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