बड़ी मां दे रही थीं गाली, इसलिए मार दिया पत्थर : दोषी
अभियोजन साक्ष्य समाप्ति के बाद संत कुमार का बयान दर्ज किया गया। उसने न्यायालय में बताया कि उसकी बड़ी मां उसे गाली दे रही थी। इसलिए उसने बोल्डर से उन्हें गुस्से में मार डाला था। इसके बाद पुलिस उसे पकड़कर ले गई थी। वह उसी समय से जेल में है। घर से उससे कोई मिलने नहीं आता। जबकि उसके माता-पिता भी हैं। जुर्म स्वीकारने जैसे बयान को देखते हुए मेडिकल कॉलेज की मानसिक रोग विशेषज्ञ डा. ऋचा पांडेय से परीक्षण कराया गया लेकिन दोषी की मानसिक स्वास्थ्य स्थिति सामान्य मिली।
संत ने मेरी मां को मारे थे तीन पत्थर : बड़ी बेटी
बड़ी बेटी किसमतिया ने न्यायालय को बताया कि वह घटना के कुछ पूर्व ही मायके आई थी। शाम साढ़े चार बजे मां उसे ससुराल के लिए सड़क पर छोड़ने आई थी। वापस जैसे ही वह संत के घर के सामने पहुंची। उसने गाली-गलौज शुरू कर दी। शोरगुल सुनकर वह वहां भागते हुए पहुंची तो देखा कि वह बोल्डर से मेरी मां को मार रहा था। उसे मां के सिर के पीछे और बाईं आंख के पास तीन पत्थर मारे थे जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई थी।
शोर पर पहुंचा तो देखा शरीर में नहीं थी कोई हरकत : ग्रामीण
गांव के ही बजरंगी ने न्यायालय को बताया कि घटना के समय वह खेत में भैंस के लिए घास काट रहा था। उसके पहुंचने तक उसने शिवमूरत की पत्नी के सिर पर दो वार कर डाला था। वह मौके पर ही पड़ी हुई थी। उसके शरीर में कोई हरकत नहीं हो रही थी।