गोदौलिया, गिरजाघर, रथयात्रा और पुलिस लाइन चौराहे पर करीब डेढ़ दशक पहले लगी ट्रैफिक सिग्नल लाइटें रविवार की शाम से काम करना शुरू कर दीं। सिग्नल लाइट के अनुसार आवागमन के बारे में चारों चौराहों पर तैनात पुलिसकर्मियों ने राहगीरों को समझाया। अगले चरण में मलदहिया, मरीमाई तिराहा, चौकाघाट, अंधरापुल, गोलघर कचहरी और इंग्लिशिया लाइन सहित छह चौराहों पर लगी ट्रैफिक सिग्नल लाइटों को शुरू किया जाएगा।
एसएसपी नितिन तिवारी ने रविवार की दोपहर ट्रैफिक पुलिस और नगर निगम के अधिकारियों के साथ गोदौलिया, गिरजाघर, रथयात्रा और पुलिस लाइन चौराहे का निरीक्षण किया। चारों चौराहों पर लगी ट्रैफिक सिग्नल लाइटें उन्हीं के सामने शुरू की गईं। एसएसपी ने आमजन से सहयोग की अपील की। कहा, सिग्नल लाइट की अनदेखी न करें। बताया कि सिग्नल लाइट के जरिए आवागमन हो, इसके लिए पुलिसकर्मी आमजन को जागरूक करेंगे। चारों चौराहों पर अगले दस दिनों तक राहगीरों के दबाव का आकलन कर सिग्नल लाइट का इंटरवल पीरियड निर्धारित किया जाएगा। अगले चरण में शेष अन्य छह चौराहों पर सिग्नल लाइटों को चालू कराया जाएगा। उधर, इस संबंध में नगर निगम के आलोक विभाग के प्रभारी ने बताया कि ट्रैफिक सिग्नल लाइट को अपने खर्च पर निजी संस्था सक्षम प्रमोशन ने दुरुस्त कराया है। कंपनी ही इसका मेंटेनेंस कराएगी। इसके एवज में कंपनी को प्रचारप्रसार के लिए नगर निगम जगह उपलब्ध कराएगा।
चार चौराहों पर ट्रैफिक सिग्नल लाइट जलते देख रविवार को शहरवासी एकबारगी आश्चर्य में पड़ गए। कुछ तो सिग्नल लाइट के अनुसार ही आगे बढ़े मगर कुछ ने परवाह नहीं की। गिरजाघर चौराहे के समीप शाम छह बजे ट्रैफिक लाइट सिग्नल जलते देखकर दो बुजुर्गों का कहना था कि ‘बनारस में डंडा लेके त पुलिस वाले कुछ कर नाहीं पावत हउअन, ई सिग्नलवा भला का करी’। यह सुनते ही दूकान के पास पुलिसकर्मी भी मुस्करा पड़े।
एसएसपी ने गोदौलिया, गिरजाघर, रथयात्रा और पुलिस लाइन चौराहे के अतिक्रमणकारियों को 24 घंटे की मोहलत दी। कहा कि तय समय तक अतिक्रमण नहीं हटाए गए तो संबंधित लोगों के खिलाफ थानेदार मुकदमा दर्ज करें। इस दौरान रथयात्रा चौराहा पर वन-वे की अनदेखी कर जा रहे चार चारपहिया वाहनों का एसएसपी ने चालान कटवाया।