गंगा में जल परिवहन की फेरी सर्विस की शुरुआत सबसे पहले वाराणसी में होगी। इसके लिए सर्वे में जुटी कंसल्टेंट एजेंसी को तीन महीने में डीपीआर तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं।
आईडब्ल्यूएआई के अधिकारियों ने बताया कि चार राज्यों के 18 शहरों में फेरी सर्विस शुरू होनी है। सबसे पहले यह सेवा वाराणसी में शुरू होगी।
फेरी सर्विस के तहत शहर में एक छोर से दूसरे छोर के बीच डबल डेकर जलपोत चलेंगे। शहर से लगे गंगा किनारे के छोटे कस्बाें तक इनका संचालन होगा। सड़क परिवहन की तुलना में किराया बेहद कम होगा।
आईडब्ल्यूएआई ने सर्वे करने और डीपीआर तैयार करने की जिम्मेदारी मैसाचुसैट्स इंस्टीट्यूट ऑफ टेकभनॉलॉजी एमआईटी और थांप्सन डिजाइन ग्रुप कंसल्टेंट को दिया है।
बुधवार को कार्यशाला में इन कंपनियों के प्रतिनिधियों का कहा गया कि वे तीन महीने में डीपीआर प्रस्तुत कर दें।
वाराणसी से हल्दिया के बीच कई अस्थाई टर्मिनल बनेंगे। गाजीपुर और त्रिवेणी में जगह भी तय कर ली गई है। अस्थाई टर्मिनल में पांटून, रैंप और माल उतारने-चढ़ाने का सेटअप आदि शामिल होगा।