घटना के बाद मौके पर पहुंचे परिजन उसे उपचार के लिए अस्पताल ले गए। उसे दो-तीन अस्पतालों में ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। हादसे की सूचना मिलते ही परिवार के लोग बदहवास हो गए। मंदिर परिसर में हुए इस हादसे से वहां मौजूद लोगों में भी अफरा-तफरी मच गई।
अभिषेक अपने माता-पिता का इकलौता बेटा था। उसके पिता ओमप्रकाश पांडेय बड़ागांव बाजार में आरा मशीन चलाकर परिवार का भरण-पोषण करते हैं। अभिषेक की एक बहन है, जिसकी शादी हो चुकी है। बेटे की मौत से माता-पिता पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। चाचा पप्पू पांडेय, गुड्डू पांडेय और सोनू पांडेय समेत परिवार के अन्य सदस्य गहरे सदमे में हैं। घर में मातम पसरा हुआ है।
घटना के बाद मंदिर परिसर में लगे हैंडपंप में करंट उतरने की वजह को लेकर सवाल उठ रहे हैं। बताया जा रहा है कि हैंडपंप में समरसेबल पंप लगा था। हालांकि, करंट उतरने के वास्तविक कारणों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी। थाना प्रभारी सत्यजीत सिंह ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। हादसे से परिवार और क्षेत्र में शोक का माहौल है।