इधर, परिजनों ने पुलिस कार्रवाई के भय से मृतका के शव को घर के भूसा घर में छिपा दिया। सूचना पर मिर्जामुराद पुलिस और जीआरपी मौके पर पहुंची तो घटनास्थल पर शव नहीं मिला। इसके बाद ग्रामीणों से पूछताछ और करीब तीन घंटे की मशक्कत के बाद पुलिस ने परिजनों को समझाकर शव बरामद किया।
परिजनों ने बताया कि हीरामणि ने दसवीं तक पढ़ाई की थी और कुछ समय से उसका मानसिक संतुलन ठीक नहीं था, जिसका इलाज चल रहा था। घटना के बाद परिवार में मातम पसरा है।
थाना प्रभारी गोपाल जी कुशवाहा ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। स्थानीय लोगों और परिजनों के बयानों में विरोधाभास तथा शव छिपाने की घटना को देखते हुए पुलिस सभी पहलुओं की गहनता से जांच कर रही है।