आरोप है कि प्रशांत कुमार और उसके साथ जुड़े लोगों ने लगेज रिलीज कराने के नाम पर प्रतिभा से अलग-अलग मदों में रकम जमा कराई। आरोपियों ने क्लियरिंग, इंश्योरेंस, आईजीएसटी समेत कई तरह के शुल्क बताए। युवती को भरोसा दिलाया गया कि सभी शुल्क के रूप में करीब सात लाख रुपये का भुगतान करने के बाद यूके से भेजा गया लगेज उसे मिल जाएगा।
लगातार बातचीत और आरोपी की बातों पर भरोसा होने के कारण युवती को शुरुआत में ठगी का संदेह नहीं हुआ। वह आरोपियों की ओर से बताए गए खातों में रकम जमा करती रही। सात लाख रुपये का भुगतान करने के बाद भी जब लगेज नहीं मिला तो युवती ने आरोपियों से संपर्क किया। इसके बाद भी उससे नए शुल्क के नाम पर लगातार और रकम मांगी जाने लगी।
इस पर प्रतिभा को साइबर ठगी का अहसास हुआ। उसने मामले की शिकायत पुलिस से की। चितईपुर थाना प्रभारी राकेश गौतम ने बताया कि पीड़िता की तहरीर के आधार पर प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। मामले की जांच की जा रही है। पुलिस आरोपियों द्वारा इस्तेमाल किए गए मोबाइल नंबर, वेबसाइट और बैंक खातों की जानकारी जुटा रही है। साथ ही रकम के लेनदेन की भी जांच की जा रही है।