बनारस के शाही नाले के मरम्मत कार्य की मियाद चौथी बार फिर बढ़ा दी गई है। शनिवार को समीक्षा बैठक में कंपनी ने काम पूरा करने के लिए 30 सितंबर का समय मांगा था। इस पर नगर विकास मंत्री सुरेश खन्ना ने उसे 15 सितंबर तक हर हाल में काम पूरा करने का निर्देश दिया।
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साथ ही उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी दी कि अगर कोई कार्य समय से पूरा नहीं हुआ तो जिम्मेदार अधिकारियों को जेल भेजा जाएगा। मुख्यमंत्री ने तय समय पर काम पूरा न करने वाली कंपनियों पर एफआईआर दर्ज कराने के आदेश दिए थे।
इस पर शाही नाले की सफाई व मरम्मत सहित का ठेका लेने वाली श्रीराम कंपनी चेन्नई सहित तीन कंपनियों को नोटिस जारी कर 19 अगस्त तक जवाब मांगा गया था। श्रीराम कंपनी को छोड़कर बाकी दोनों ने अपना काम शुरू कर दिया था। शनिवार को कमिश्नरी सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में कंपनी के अधिकारियों ने मंत्री के सामने अपना पक्ष रखा।
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कंपनी का तर्क था कि रात 12 बजे से सुबह छह बजे तक काम करने का समय दिया जाता है। तब भी वाहनों का आवागमन नहीं रोका जाता और अधिकारी भी सहयोग नहीं करते। इससे काम विलंब हो रहा है। इसलिए काम पूरा करने के लिए 30 सितंबर तक का समय दिया जाए। इस पर मंत्री ने कार्य पूरा करने की समय सीमा 15 सितंबर तक बढ़ा दी।
मंत्री और जीएम आमने-सामने
नगर विकास मंत्री सुरेश खन्ना
- फोटो : अमर उजाला
नगर विकास मंत्री सुरेश खन्ना से पत्रकारों ने पूछा कि जब सीएम ने इन कंपनियों पर एफआईआर के निर्देश दिए थे तो मियाद कैसे बढ़ाई गई, इस पर उनका जवाब था कि गंगा प्रदूषण नियंत्रण इकाई के जीएम एसके राय ने गलत जानकारी दी थी। अब कंपनी का पक्ष सुना गया है। उसे जल्द काम पूरा करने का निर्देश दिया है।
दूसरी ओर एसके राय से मंत्री के बयान के संदर्भ में पूछा गया तो उनका कहना था कि हमने कोई गलत जानकारी नहीं दी है। सीएम के एफआईआर के आदेश के बाद नियम के तहत तीनों कंपनियों को नोटिस जारी किया गया था। इसके बाद एसटीपी बनाने वाली कंपनियों ने काम शुरू कर दिया, जबकि शाही नाले की कंपनी का काम पूरा नहीं हुआ है। नोटिस का समय खत्म होने के बाद आगे की कार्रवाई करेंगे।
बता दें कि श्रीराम कंपनी को अगस्त 2015 में शाही नाले की मरम्मत और सफाई का टेंडर दिया गया था। कंपनी ने जनवरी 2016 में काम शुरू किया। दिसंबर 2017 तक काम पूरा करना था। काम पूरा न होने पर समयसीमा बढ़ाकर मार्च 2018 कर दी गई। इसके बाद मियाद फिर जुलाई तक बढ़ाई गई मगर काम पूरा नहीं हुआ। अब मंत्री ने चौथी बार मियाद बढ़ाकर 15 सितंबर कर दी है।
प्रभारी मंत्री सुरेश खन्ना ने प्रधानमंत्री आवास योजना की समीक्षा में कहा कि कोई पात्र व्यक्ति न छूटे, जिनके आवेदन निरस्त हुए हैं, उन्हें कारण सहित जानकारी उपलब्ध कराएं। उन्होंने स्मार्ट सिटी की समीक्षा में इंटीग्रेटिड कमांड कंट्रोल सेंटर दिसंबर तक पूरा करें, चार चौराहों पर यातायात व्यवस्था, एटीसीएस, आरएफआईडी टैगिंग, जीपीएस के कार्य को पूरा कराएं।
गोइठहा व दीनापुर के एसटीपी को 30 सितम्बर तक पूरा कराएं। सड़कों को चौड़ा करने में जो पोल बाधा बन रहे हैं, उन्हें जल्द हटवाया जाए। सितबंर तक शहर में दस हजार एलईडी लाइटें और लगेंगी। इनके लिए जगह चिह्नित करें। 227 पार्कों के रखरखाव और देखभाल के लिए नागरिकों की अलग कमेटी बनाएं। डोर टू डोर कूड़ा कलेक्शन को और प्रभावी बनाएं।
इस अवसर पर राज्य मंत्री नीलकंठ तिवारी, महापौर मृदुला जायसवाल, विधायक उत्तरी रवीन्द्र जायसवाल, विधायक कैंट सौरभ श्रीवास्तव, भाजपा जिलाध्यक्ष हंसराज विश्वकर्मा के अलावा डीएम सुरेन्द्र सिंह, नगर आयुक्त डॉ. नितिन बंसल सहित कई विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।