सावन के पहले सोमवार को जिन सड़कों को गड्ढामुक्त नहीं किया गया था। उन्हें दूसरे सोमवार के पहले तक दुरुस्त कराने का दावा करने वाला पीडब्ल्यूडी फेल हो गया है। कुछ जगहों पर पत्थर की छोटी गिटटी डालकर उन पर पानी डालने का काम लहुराबीर से गिरजाघर मार्ग पर दिखा। इसके अलावा अन्य सड़कों पर गड्ढे अब भी हैं।
कांवरियों की राह अब तक दुश्वारियों भरी है। कुछ जगहों पर गिट्टियां डाली गईं, स्टोन डस्ट के बाद रोलर चलाकर सड़क जैसे-तैसे चलने लायक तो बनाई गई लेकिन बारिश के बाद हालात जस के तस हो गए थे।
इधर तीन चार दिनों से बारिश नहीं होने से सड़कों पर धूल उड़ रहे हैं। गिट्टियां भी छिटक गई हैं। विश्वनाथ मंदिर से गोदौलिया तक उसी हिस्से की मरम्मत कराई गई जहां पीडब्ल्यूडी ने बैरिकेडिंग कराई थी। इसके बाद की सड़क छोड़ दी गई। गोदौलिया, गिरजाघर, मैदागिन, लक्सा आदि इलाकों की सड़कों के गड्ढे भरे गए हैं।
इलाहाबाद, भदोही, जौनपुर, आजमगढ़, गाजीपुर, चंदौली, नरायनपुर सोनभद्र मार्ग से शहर में प्रवेश करने वाले कांवरिया के पथों की हालत अभी बेहतर नहीं हुई है। पीडब्ल्यूडी के अधिशासी अभियंता एके सिंह भदौरिया ने बताया कि काफी सड़कों को गड्ढामुक्त कराया गया है।
बाकी बची सड़कों को भी गड्ढामुक्त कराएंगे। इन सड़कों की पक्की मरम्मत 15 सितंबर के बाद होगी। फिलहाल केवल गड्ढों को भर दिया जा रहा है कि ताकि कांवरियों को आने जाने में किसी प्रकार की कठिनाई का सामना न करना पड़े। शहर के भीतर के अधिकतर सड़कों को गड्ढामुक्त कराया गया है।