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चेन टप्पेबाजी का अनोखा नेटवर्क: स्कॉर्पियो से काशी आती थीं, ऑटो से घूमकर करती थीं चोरी; चार गिरफ्तार

Thu, 17 Sep 2026 09:44 AM IST
Pragati Chand अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।

सार

वाराणसी कमिश्नरेट की पुलिस ने टप्पेबाजी के एक गैंग का खुलासा कर चार आरोपियों को गिरफ्तार किया। जांच में सामने आया कि 230 किमी दूर से आकर रिंग रोड पर स्कॉर्पियो खड़ी होती थी। शहर में ऑटो से घूमकर महिलाएं चेन चोरी करती थीं। 
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पुलिस के गिरफ्त में चार आरोपी - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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भीड़ में ऑटो में चेन टप्पेबाजी करने वाले गिरोह ने पुलिस की जांच में अपना पूरा सफर और वारदात का तरीका खोल दिया है। 230 किलोमीटर दूर गोरखपुर से स्कॉर्पियो में सवार होकर टप्पेबाजी करने आती थीं और वारदात को अंजाम देकर निकल जाती थीं। पुलिस ने लालपुर-पांडेयपुर थाने से जुड़े आठ सितंबर के एक मामले में जांच के दौरान गोरखपुर के गिरोह का पर्दाफाश किया। काली माता मंदिर के पास एक महिला की चेन चोरी करने की वारदात कबूल की। 

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पुलिस ने इस नेटवर्क से जुड़े बैजनाथ उर्फ बैजू निवासी फरसार, गोरखपुर, सीमा निवासी करवनिया, गोरखपुर, पिंकी और कुसुम को आजमगढ़ रोड ऑटो स्टैंड के पास गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से दो चेन, दो मोबाइल फोन, 27 हजार रुपये और स्कॉर्पियो बरामद हुई है। मामले का खुलासा डीसीपी वरुणा जोन प्रमोद कुमार ने किया।

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पुलिस पूछताछ में सामने आया कि स्कॉर्पियो से आने के बाद वाहन को रिंग रोड पर खड़ा कर दिया जाता था। यहां से शहर में दाखिल होने के लिए महिलाएं ऑटो का इस्तेमाल करती थीं। ऑटो बदलकर सीसीटीवी कैमरों की नजर बचती थीं। टप्पेबाजी कर ऑटो से रिंग रोड पहुंचती और स्कॉर्पियो से गोरखपुर लौट जाती थीं। 

डीसीपी ने बताया कि अब पुलिस गिरोह के सरगना तक पहुंचने के साथ ही पूर्वांचल के दूसरे जिलों में नेटवर्क और पूर्व की वारदात का ब्योरा जुटा रही है। पुलिस के अनुसार, नौ सितंबर को एक महिला ने काली माता मंदिर के पास ऑटो में सवार होते समय तीन महिलाओं पर ध्यान भटकाकर उसके गले से चेन निकालने का आरोप लगाया था। 

प्राथमिकी दर्ज होने के बाद पुलिस ने आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। फुटेज से उस ऑटो की पहचान की गई, जिसमें संदिग्ध महिलाएं सवार थीं। पुलिस ने ऑटो चालक को भरोसे में लिया। उसे कहा गया कि संदिग्ध महिलाएं दोबारा ऑटो में बैठे तो इसकी सूचना तत्काल पुलिस को दे। चालक ने ऐसा ही किया। महिलाओं के दोबारा पहुंचने पर पुलिस ने घेराबंदी कर चारों आरोपियों को पकड़ लिया।
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एक शहर नहीं, पूर्वांचल तक फैला नेटवर्क
पूछताछ में आरोपियों ने पुलिस को बताया कि वे अलग-अलग जिलों में ऑटो और ई-रिक्शा से सफर करने वाली महिलाओं को निशाना बनाते थे। पुलिस की प्रारंभिक जांच में गिरोह का नेटवर्क अन्य जिलों में फैले होने की बात सामने आई। पुलिस ने गिरोह के सरगना को चिह्नित कर लिया है। गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि गिरोह में कितनी महिलाएं शामिल हैं, किन-किन जिलों में इनका नेटवर्क सक्रिय है और वाराणसी में इससे पहले हुई कितनी घटनाओं में इनकी भूमिका रही है।

आजमगढ़, जौनपुर और वाराणसी में दर्ज हैं मामले
बैजनाथ बैजू पर लालपुर थाने में प्राथमिकी दर्ज है। सीमा के खिलाफ वाराणसी, जौनपुर और आजमगढ़ में कुल चार आपराधिक मामले दर्ज हैं। कुसुम के खिलाफ जौनपुर, आजमगढ़ और वाराणसी में चार मामले हैं। पिंकी के खिलाफ जौनपुर व वाराणसी में कुल तीन आपराधिक मामले दर्ज हैं।
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