आरोपी ने सौदा तय किया कि मकान का स्वामित्व विवाद रहित है, जबकि उसी मकान पर सिविल न्यायालय ने विक्रय पर पहले से रोक का आदेश जारी था। जानकारी के बावजूद आरोपी ने पीड़ित से पांच लाख रुपये लिए।
बाद में जब पीड़ित को मकान संबंधी रोक के बारे में पता चला और उसने पैसे मांगे तो आरोपी ने उसे धमकी दी और रंगदारी की मांग भी की। पीड़ित की शिकायत पर चौक थाने में मुकदमा दर्ज किया गया था। इसी मामले में आरोपी को जेल से तलब कर अदालत में पेश किया गया।
छावनी क्षेत्र की भूमि से बेदखली की कार्रवाई पर रोक
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने वाराणसी के छावनी क्षेत्र की भूमि पर चल रही बेदखली कार्रवाई पर अग्रिम आदेश तक रोक लगा दी है। साथ ही राज्य सरकार से तीन हफ्ते में जवाबी हलफनामा तलब किया है। यह आदेश न्यायमूर्ति कुणाल रवि सिंह की एकल पीठ ने विजय कुमार व पांच अन्य की ओर से दाखिल याचिका पर दिया है। याचियों ने सिटी मजिस्ट्रेट वाराणसी की ओर से जारी बेदखली नोटिस की वैधानिकता को चुनौती दी है।