एमओयू के तहत विद्यार्थियों को भी व्यावहारिक प्रशिक्षण और क्षमता विकास का अवसर मिलेगा। नगर निगम हर वर्ष कम से कम 50 इंटर्नशिप उपलब्ध कराएगा। इन इंटर्नशिप में शहरी प्रशासन, अभियांत्रिकी, नगर नियोजन, स्वच्छता और सामाजिक विकास से जुड़े क्षेत्रों में प्रशिक्षण दिया जाएगा। इससे छात्रों को शहरी प्रबंधन और नागरिक प्रशासन के व्यावहारिक अनुभव प्राप्त होंगे।
समझौते में विश्वविद्यालय परिसर में निराश्रित गोवंश प्रबंधन, आवारा कुत्तों के टीकाकरण एवं नियंत्रण और स्वच्छता व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए भी संयुक्त पहल का प्रस्ताव रखा गया है।
कार्यक्रम में कुलपति प्रो. अजित कुमार चतुर्वेदी ने कहा कि नगर निगम के साथ यह साझेदारी काशी के समग्र विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय और नगर निगम मिलकर शहर में सकारात्मक बदलाव लाने के लिए कार्य करेंगे।