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'हैलो पुलिस, मैंने बच्चों और पत्नी को जान से मार दिया है, अब आत्महत्या करने जा रहा हूं'

Fri, 14 Feb 2020 11:59 AM IST
प्राची प्रियम न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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चेतन और उसका परिवार (फाइल फोटो) - फोटो : अमर उजाला
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वाराणसी के मुकीमकंज क्षेत्र के नचनी कुआं मोहल्ले में शुक्रवार सुबह दिल दहलाने वाली घटना सामने आई है। पंखा कारोबारी चेतन तुलस्यान (45) ने बेटे हर्ष (19), बेटी हिमांशी (17) और पत्नी ऋतु (42) को नींद की गोली खिला कर तीनों का गला दबा दिया। इसके बाद अपने दोनों हाथों पर टेप बांध उसने खुद फंदे से लटक कर जान दे दी। 

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पत्नी और बच्चों की हत्या के बाद चेतन ने सुबह 4:35 बजे डायल 112 पर फोन कर सूचना दी कि उसने सबको मार दिया है और अब वह भी जान देने जा रहा है। सूचना पाकर पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। पुलिस ने चारों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। 

मौके से 8 पन्ने का सुसाइड नोट और एफिडेविट बरामद हुआ है। सुसाइड नोट के अनुसार आंखों की कम होती रोशनी, आर्थिक तंगी सहित अन्य कारणों से परिवार ने जान दी है। चेतन ने अपने घर और दुकान को गोरखपुर निवासी साले को देने की बात लिखी है।
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एसएसपी प्रभाकर चौधरी ने बताया कि मौके से मिले सुसाइड नोट और दवाएं आदि देख कर यह प्रतीत होता है कि पूरी तैयारी के साथ परिवार ने आपसी सहमति से जान दी है।

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मौके पर मौजूद पुलिस कर्मी व अन्य - फोटो : अमर उजाला
आदमपुर थाना अंतर्गत मुकीमगंज क्षेत्र के नचनी कुआं मोहल्ले में दो मंजिला मकान के प्रथम तल पर चेतन अपने परिवार के साथ रहते थे। ग्राउंड फ्लोर पर उनके पिता रविंद्र नाथ तुलस्यान और मां विमला देवी रहती हैं। 

चेतन का एक भाई महमूरगंज क्षेत्र में और एक भाई सूरत में रहता है। चेतन और उनके मां-बाप में कोई खास सरोकार नहीं था। तुलसी नामक काले पंखे को असेंबल करने का काम करने वाले चेतन को पांच हजार रुपये प्रतिमाह कारोबार से और 13 हजार रुपये प्रतिमाह बुलानाला स्थित दुकान से किराया मिलता था। 

चेतन के कॉल करने के बाद पुलिस उनका घर खोजते हुए पहुंची तो पिता रविंद्र नाथ बाहर निकल कर आए। पुलिस ने उनको चेतन को बुलाने को कहा। वह ऊपर गए तो दरवाजा नहीं खुला। पुलिस ने ऊपर जाकर दरवाजा खोला तो एक कमरे में चेतन के बेटे-बेटी बिस्तर पर मृत पड़े हुए थे। 

वहीं, दूसरे कमरे में ऋतु नीचे जमीन पर लेटी थी और चेतन फंदे से लटके हुए थे। चारों के पास नींद की होमियोपैथिक दवा पड़ी हुई थी। दंपती और दोनों बच्चों की मौत का मामला सार्वजनिक होते ही मौके पर सैकड़ों लोगों की भीड़ जुट गई।
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