मौके पर मौजूद पुलिस कर्मी व अन्य
- फोटो : अमर उजाला
आदमपुर थाना अंतर्गत मुकीमगंज क्षेत्र के नचनी कुआं मोहल्ले में दो मंजिला मकान के प्रथम तल पर चेतन अपने परिवार के साथ रहते थे। ग्राउंड फ्लोर पर उनके पिता रविंद्र नाथ तुलस्यान और मां विमला देवी रहती हैं।
चेतन का एक भाई महमूरगंज क्षेत्र में और एक भाई सूरत में रहता है। चेतन और उनके मां-बाप में कोई खास सरोकार नहीं था। तुलसी नामक काले पंखे को असेंबल करने का काम करने वाले चेतन को पांच हजार रुपये प्रतिमाह कारोबार से और 13 हजार रुपये प्रतिमाह बुलानाला स्थित दुकान से किराया मिलता था।
चेतन के कॉल करने के बाद पुलिस उनका घर खोजते हुए पहुंची तो पिता रविंद्र नाथ बाहर निकल कर आए। पुलिस ने उनको चेतन को बुलाने को कहा। वह ऊपर गए तो दरवाजा नहीं खुला। पुलिस ने ऊपर जाकर दरवाजा खोला तो एक कमरे में चेतन के बेटे-बेटी बिस्तर पर मृत पड़े हुए थे।
वहीं, दूसरे कमरे में ऋतु नीचे जमीन पर लेटी थी और चेतन फंदे से लटके हुए थे। चारों के पास नींद की होमियोपैथिक दवा पड़ी हुई थी। दंपती और दोनों बच्चों की मौत का मामला सार्वजनिक होते ही मौके पर सैकड़ों लोगों की भीड़ जुट गई।