सिपाही को गोली मारने के बाद मुठभेड़ में पकड़े गए बदमाश
एडीसीपी काशी जोन वैभव बांगर ने बताया कि 30 अक्टूबर की रात असलहा तस्करी की सूचना पर लंका पुलिस की टीम आरोपितों की तलाश कर रही थी। इसी दौरान बृज इन्क्लेव अपार्टमेंट के पास बदमाशों ने पुलिस टीम पर जान से मारने की नीयत से फायरिंग कर दी। इसमें क्राइम टीम में तैनात आरक्षी अमित कुमार शुक्ला को तीन गोलियां लगीं। इसके बाद आरोपित स्कूटी से फरार हो गए। पुलिस ने पीछा करते हुए लौटूबीर अंडरपास के पास मुठभेड़ में रमना के गड़वाघाट निवासी राज विश्वकर्मा को गिरफ्तार कर लिया।
इसके कुछ घंटे बाद पुलिस ने फरार दो अन्य आरोपितों भेलूपुर निवासी अंजनी नंदन झा (24) और बिहार के गोपालगंज जिले के रामपुर खरेया निवासी राजू तिवारी (21) को भी गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपितों ने बताया कि वे असलहे बेचने के इरादे से बृज इन्क्लेव अपार्टमेंट के पास पहुंचे थे। पुलिस द्वारा पकड़े जाने के डर से उन्होंने फायरिंग की थी। पुलिस ने दो आरोपितों को शनिवार को जेल भेज दिया, जबकि एक से पूछताछ जारी रही।
आरोपियों की जानकारी देती पुलिस।
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किराए के कमरे में मशीनें और हथियार बनाने का पूरा इंतजाम
पूछताछ के दौरान एक आरोपित ने सामनेघाट स्थित किराए के कमरे में अवैध असलहा फैक्ट्री संचालित होने की जानकारी दी। उसने बताया कि वहां असलहे बनाने के लिए कई आधुनिक मशीनें और उपकरण रखे गए हैं। इसके बाद पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर छापेमारी की तो कमरे में असलहा बनाने का पूरा इंतजाम मिला। पुलिस ने वहां से तीन देसी पिस्टल .32 बोर, 143 जिंदा कारतूस, 24 खोखा कारतूस, हथियार बनाने वाली मशीनें, औजार, लोहे के टुकड़े, धातु, लिक्विड और नाप-तौल करने वाली मशीनें बरामद कीं। इसके अलावा कई निर्मित और अर्धनिर्मित असलहे भी मिले।
पुलिस के अनुसार, शनिवार की भोर में गिरफ्तार दोनों अन्य आरोपितों को असलहों की बरामदगी के लिए सामनेघाट ले जाया गया था। इस दौरान दोनों ने छिपाए गए असलहे से पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। जवाबी कार्रवाई में दोनों बदमाशों के पैर में गोली लगी। उन्हें बीएचयू ट्रामा सेंटर में भर्ती कराया गया। उनके कब्जे से .32 बोर की दो देसी पिस्टल, एक अवैध रिवाल्वर, छह खोखा कारतूस और दो जिंदा कारतूस बरामद किए गए।
फैक्ट्री के खुलासे के बाद पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि यहां कितने समय से असलहे बनाए जा रहे थे और इनकी आपूर्ति किन लोगों को की जाती थी। फैक्ट्री से जुड़े अन्य लोगों और असलहा तस्करी के नेटवर्क की भी जांच की जा रही है।
गिरफ्तारी और बरामदगी करने वाली टीम में लंका थानाध्यक्ष राजकुमार शर्मा, रमना चौकी प्रभारी प्रिंस तिवारी, बीएचयू चौकी प्रभारी सौरभ तिवारी, उपनिरीक्षक स्वप्निल सिंह, संकटमोचन चौकी प्रभारी समेत लंका पुलिस की टीम शामिल रही।